नवीन गल्ला मंडी में लूट के बाद किराना व्यापारी पवन गोयल की हत्या कुख्यात मुकीम काला गैंग के बदमाशों ने की थी। बदमाश तीन दिन से गल्ला मंडी की रैकी कर रहे थे। मुकीम गैंग के शूटर हनीस का फोटो देखकर चश्मदीद ने उसकी पहचान कर ली। पुलिस लिसाड़ी गेट से दो संदिग्ध लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ करने में जुट गई है। यह गैंग शहर में एक दर्जन से अधिक लूट की वारदात कर चुका है।
पुलिस अफसरों के अनुसार इस सनसनीखेज हत्याकांड के खुलासे के लिए वारदात के चश्मदीदों को कई गैंगों के बदमाशों के फोटो दिखाकर पहचान कराने की कोशिश की गई। शुक्रवार को एक चश्मदीद ने मुकीम काला गैंग के शूटर हनीस की पहचान कर ली। जो लिसाड़ी गेट में रहता है। मंडी के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में भी हनीस दिखायी पड़ा है। शूटर के घर पर दबिश दी गई। लेकिन वह फरार मिला। इस मामले में दो संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया गया है।
बदमाशों के लिए सेफ नूरनगर रोड
शहर के आउटर एरिया की नूरनगर रोड बदमाशों के लिए सेफ साबित हो रही है। यह भी सामने आया है कि नूरनगर रोड स्थित सरस्वती लोक कॉलोनी के आसपास एक के बाद एक लूट की 17 वारदातों को मुकीम काला गैंग के बदमाशों ने अंजाम दिया। वारदातों को अंजाम देकर बदमाश इस रास्ते से भागे। मंडी में पवन गोयल की हत्या के बाद भी बदमाशों ने फरार होने के लिए इसी नूरनगर रोड चुना था। माना जा रहा है कि बदमाश इस रास्ते से लिसाड़ी गेट पहुंचे थे।
हाईवे पर करता था यह गैंग लूटपाट
पुलिस के अनुसार सहारनपुर में तनिष्क शोरूम लूटने का आरोपी मुकीम काला गैंग का सरगना मुकीम जेल गया तो गैंग के बदमाशों ने अलग-अलग शहरों में ठिकाने बना लिए। मुकीम का एक शूटर हनीस लिसाड़ी गेट में रहता है। जो अपने साथियों के साथ हाईवे पर लूट करने लगा। बुलंदशहर हाइवे गैंगरेप की घटना के बाद पुलिस ने हाईवे पर सुरक्षा बढ़ायी तो हनीस मेरठ शहर में वारदात करने लगा।
डेढ़ माह पहले जेल से छूटा
पुलिस केे मुताबिक मुकीम काला गैंग मेरठ में दर्जनों वारदात अंजाम दे चुका है। कंकरखेड़ा में कर्नल की पत्नी से कार लूट, इंचौली में गोलियां बरसाकर गाड़ी लूट, मोदीपुरम में कैश वैन लूट की कोशिश समेत दर्जनों बड़ी वारदात अंजाम दीं। पुलिस ने हनीस को जेल भी भेजा था। डेढ़ महीने पहले ही हनीस जेल से छूटकर आया है। उसके बाद से हनीस ने दोबारा से अपने गैंग को सक्रिय किया।
तीन दिन तक की मंडी में रैकी
नवीन गल्ला मंडी में करोड़ों रुपये का व्यापार होता है। इसकी जानकारी मुकीम काला गैंग को थी। तीन दिन से बदमाश मंडी में रैकी कर रहे थे। बदमाशों का प्लान था कि मंडी में काफी पैसा मिलेगा, जिसको लूटने के बाद कुछ दिनों तक चुपचाप बैठ जाएंगे। बदमाश रैकी करने के लिए रोजाना लिसाड़ीगेट से आते थे।