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Meerut News: छात्रा और आरोपियों के मोबाइल डाटा बैकअप की होगी जांच

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मेरठ। अनुसूचित जाति की छात्रा की अपहरण कर हत्या के मामले में छात्रा और आरोपियों के मोबाइल के नष्ट किए डाटा का बैकअप हासिल कर गहनता से जांच होगी। इनसे कोई साक्ष्य मिलता है या फिर किसी अन्य आरोपी का नाम प्रकाश में आता है तो उस पर भी कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गाजियाबाद में पीड़ित परिवार से मुलाकात के दौरान पुलिस अधिकारियों को यह निर्देश दिए हैं।
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पीड़ित परिवार के साथ गाजियाबाद पहुंचे पश्चिमी उत्तर प्रदेश अनुसूचित मोर्चा के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष डॉ. रविप्रकाश ने बताया कि छात्रा के माता-पिता, भाई, बहन और ताऊ ने शनिवार को मुख्यमंत्री से मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब कोई अधिकारी आरोपियों को नहीं बचा पाएगा। परिवार की मदद की गई है। उनसे मिलने के बाद परिवार के लोग संतुष्ट हैं। मुख्यमंत्री ने जांच के संबंध में मोबाइल का नष्ट किए गए डाटा बैकअप हासिल करने पर अधिक जोर दिया। साथ ही कहा कि अगर डाटा बैकअप प्राप्त करने में कोई दिक्कत होती है तो किसी अन्य एजेंसी की भी मदद ली जा सकती है।

उपद्रव व पुलिस पर हमले में होगी निष्पक्ष जांच
भाजपा नेता ने बताया कि जाम लगाकर धरना-प्रदर्शन के बाद दर्ज की गई प्राथमिकी के संबंध में मुख्यमंत्री ने कहा कि वैधानिक दृष्टिकोण से जांच की जाए। किसी निर्दोष पर कार्रवाई नहीं की जाए। उन्होंने कहा कि सरकार पीड़ितों की हर बात सुनने के लिए तैयार है। राजनीति से ताल्लुक रखने वाले लोगों की कठपुतली बनने और अनावश्यक बवाल से बचें। इधर, डीआईजी कलानिधि नैथानी ने इस मामले में एसएसपी को विवेचना के संबंध में संयुक्त निदेशक अभियोजन से विधिक राय लेने, कमियों को दूर करने और गंभीर कमी मिलने पर अपने स्तर से जांच कर अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
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सुशील गौतम से पूछताछ करने की सूचना वायरल
मेरठ। कलक्ट्रेट के सामने जाम लगाकर धरना-प्रदर्शन करने के दौरान पुलिस टीम पर हमले आदि के मामले में 18 नामजद व 50 अज्ञात लोगों पर संगीन धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। सोशल मीडिया पर शनिवार को सूचना वायरल हुई कि सुशील गौतम को पुलिस ने उससे पूछताछ की है। हालांकि पुलिस ने इसकी पुष्टि नहीं की। बता दें कि सुशील गौतम प्राथमिकी दर्ज होने के बाद भी फेसबुक पर पोस्ट कर रहा था।
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