मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय (सीसीएसयू) में विभिन्न सेवाओं के शुल्क में करीब 10 प्रतिशत की वृद्धि का विरोध शुरू हो गया है। भीम आर्मी छात्र सभा के पश्चिम प्रभारी शान मुहम्मद सहित अन्य छात्र नेताओं ने बढ़े शुल्क को छात्रों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बताकर इसे तत्काल वापस लेने की मांग की है।
शान मुहम्मद ने कहा कि विश्वविद्यालय में माइग्रेशन जमा करने और प्राप्त करने का शुल्क पहले 250 रुपये था। इसे बढ़ाकर 280 रुपये कर दिया गया है। उनका आरोप है कि माइग्रेशन जमा करने की प्रक्रिया में विवि का कोई विशेष खर्च नहीं होता। इसके बावजूद शुल्क बढ़ा दिया गया। इसी तरह प्रोविजनल डिग्री का शुल्क भी 250 रुपये से बढ़ाकर 280 रुपये कर दिया गया है जबकि इसके लिए होने वाला वास्तविक खर्च बहुत कम है।
उन्होंने बताया कि ट्रांसक्रिप्ट का शुल्क भी बढ़ा दिया गया है। वहीं वर्ष 2004 से पूर्व की डिग्री जारी कराने का शुल्क 510 रुपये से बढ़ाकर 580 रुपये कर दिया गया है। इसके अलावा सत्यापन शुल्क भी बढ़ाकर 390 रुपये कर दिया गया है। उनका कहना है कि वर्तमान छात्रों को डिग्री कम शुल्क में उपलब्ध कराई जाती है, जबकि पुराने छात्रों से अधिक शुल्क वसूला जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि बढ़े हुए शुल्क को वापस नहीं लिया गया तो इस मुद्दे को प्रदेश के राज्यपाल के समक्ष उठाया जाएगा और छात्र हित में आंदोलन किया जाएगा।