पहली बार पकड़े जाने पर परिजनों को बुलाकर उनके सुपुर्द किया जाएगा। दूसरी बार पकड़े जाने पर सख्त कार्रवाई होगी। इस पर नजर रखने के लिए कॉलेज को छह ब्लॉक में बांटकर उनके प्रभारी बनाए गए हैं।
यह नियम शिक्षक और छात्र दोनों पर लागू होगा। इसके अलावा सीसीटीवी से भी नजर रखी जाएगी। सारी टीमों की मानीटरिंग डीन डॉ. एसके अग्रवाल और चीफ प्रॉक्टर डॉ. सुधीर कुमार करेंगे। डीएन कॉलेज इसको लागू करना वाला सीसीएसयू का पहला कॉलेज भी बन गया है।