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Meerut: नायक ज्ञानेश्वर शहीद, हिमाचल में हादसे के बाद इलाज के दौरान निधन, गांव में शोक की लहर

Thu, 16 Jul 2026 12:23 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

मेरठ के रछौती गांव निवासी भारतीय सेना के नायक ज्ञानेश्वर हिमाचल प्रदेश में गश्त के दौरान हुए हादसे में घायल होने के बाद इलाज के दौरान शहीद हो गए। उनके पार्थिव शरीर के गांव पहुंचने की तैयारी है।
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जवान का फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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देश की सेवा करते हुए मेरठ का एक और वीर सपूत शहीद हो गया। भारतीय सेना की कुमाऊं रेजीमेंट में नायक पद पर तैनात ज्ञानेश्वर ने हिमाचल प्रदेश में गश्त के दौरान हुए हादसे में घायल होने के बाद इलाज के दौरान अंतिम सांस ली। शहादत की खबर मिलते ही उनके पैतृक गांव रछौती सहित पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।

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गश्त के दौरान हुए हादसे में हुए थे घायल
जानकारी के अनुसार, करीब 15 दिन पहले हिमाचल प्रदेश के शिमला क्षेत्र में सरकारी वाहन से गश्त के दौरान हुए हादसे में नायक ज्ञानेश्वर गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें तत्काल उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां चिकित्सकों के प्रयासों के बावजूद उन्होंने दम तोड़ दिया।

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2014 में सेना में हुए थे भर्ती
ज्ञानेश्वर वर्ष 2014 में भारतीय सेना में भर्ती हुए थे। अपनी लगन, अनुशासन और उत्कृष्ट सेवा के चलते उन्हें दो वर्ष पहले नायक के पद पर पदोन्नत किया गया था। वह भारतीय सेना की कुमाऊं रेजीमेंट में अपनी सेवाएं दे रहे थे।

गांव में शोक, परिवार को बेटे पर गर्व
ज्ञानेश्वर तीन भाइयों में सबसे बड़े थे। उनके छोटे भाई प्रदीप भी भारतीय सेना में सिपाही के पद पर तैनात हैं और देश की सेवा कर रहे हैं।

शहादत की सूचना मिलते ही परिवार में मातम छा गया। गांव के लोगों और क्षेत्रवासियों ने भी वीर सपूत को श्रद्धांजलि दी। परिजनों ने गहरे दुख के बीच अपने बेटे की देशभक्ति और वीरता पर गर्व व्यक्त किया।

शाम तक पहुंचेगा पार्थिव शरीर
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शहीद ज्ञानेश्वर का पार्थिव शरीर शाम करीब सात बजे उनके पैतृक गांव रछौती पहुंचने की संभावना है। गांव में अंतिम दर्शन और राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार की तैयारियां की जा रही हैं।
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