उच्च प्राथमिक विद्यालय में मानक से शिक्षक कम
उत्तर प्रदेश के उच्च प्राथमिक विद्यालयों में छात्र-शिक्षक अनुपात 35:1 है। इसका मतलब है कि प्रत्येक 35 छात्रों पर एक शिक्षक होना चाहिए। यह अनुपात आरटीई (शिक्षा का अधिकार) अधिनियम के तहत निर्धारित है। उदाहरण के लिए, यदि किसी उच्च प्राथमिक विद्यालय में 100 छात्र हैं, तो वहां कम से कम 3 शिक्षक होने चाहिए (100/35 = 2.85, जिसे 3 शिक्षक माना जाएगा)।
विद्यार्थी और शिक्षक
उच्च प्राथमिक विद्यालय
विद्यार्थी : 113
शिक्षक : एक शिक्षक,
चार शिक्षामित्र
राजकीय कन्या जूनियर हाईस्कूल
विद्यार्थी : 104
शिक्षक : पांच
स्कूल की जांच कराकर समस्या दूर कराएंगे
केसरगंज में स्कूल की स्थिति के बारे में जांच कराएंगे। विद्यार्थियों की परेशानी जानने के बाद समस्या का समाधान कराया जाएगा। -आशा चौधरी, बेसिक शिक्षा अधिकारी
इस मामले का संज्ञान लिया जाएगा। गंभीर मामला है। इसका निस्तारण कराया जाएगा। शिक्षा व्यवस्था को लेकर सरकार गंभीर है। -डॉ. दीपक गुप्ता, सांसद प्रतिनिधि
विस में उठाएंगे मुद्दा
स्कूल की जर्जर स्थिति को विधानसभा में उठाया जाएगा। इस बारे में कमिश्नर से मिला जाएगा और मैं मौका मुआयना भी करूंगा। और पता करूंगा अगर मेरी निधि लग सकती है तो वह भी इसमें लगाऊंगा। - रफीक अंसारी, शहर विधायक