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Meerut: कांवड़ यात्रा में डीजे की प्रतियोगिता पर रोक, स्टंटबाजी भी नहीं चलेगी, त्रिशूल-तलवार ले जाने पर पाबंदी

Tue, 21 Jul 2026 11:15 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

मेरठ में कांवड़ यात्रा की तैयारियों को लेकर उच्चस्तरीय बैठक में डीजे प्रतियोगिता और स्टंटबाजी पर रोक लगाने का फैसला लिया गया। त्रिशूल, तलवार और अन्य आपत्तिजनक वस्तुएं ले जाना भी प्रतिबंधित रहेगा।
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कांवड़ यात्रा के लिए समीक्षा बैठक में जाते मुख्य सचिव एसपी गोयल व डीजीपी राजीव कृष्ण। संवाद - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कांवड़ यात्रा को सकुशल और भव्य रूप से संपन्न कराने के लिए शासन ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। मंडलायुक्त सभागार मेरठ में मुख्य सचिव एसपी गोयल और डीजीपी राजीव कृष्ण की संयुक्त अध्यक्षता में सोमवार को उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। इसमें आला अफसरों ने कहा कि कांवड़ यात्रा में डीजे प्रतियोगिता और स्टंटबाजी नहीं चलने दी जाएगी। शांति व्यवस्था में किसी भी तरह की बाधा नहीं होने दी जाएगी।

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उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा में जीरो इंसिडेंट और जीरो एक्सीडेंट का लक्ष्य रखा गया। यानी शून्य दुर्घटना और शून्य अप्रिय घटना। साथ ही सीमावर्ती राज्यों के साथ समन्वय पर जोर दिया गया। अफसरों ने कहा कि यात्रा के दौरान जीरो इंसिडेंट और जीरो एक्सीडेंट का लक्ष्य हासिल करने के लिए सभी विभाग तत्परता से काम करें। 

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मुख्य सचिव और डीजीपी ने कहा कि शिविरों का संचालन निर्धारित मानकों के तहत हो। आवश्यकतानुसार चिकित्सा शिविर, बाइक एंबुलेंस और अस्पतालों में पर्याप्त बेड आरक्षित रखे जाएं। 

इस दाैरान कहा गया सीमावर्ती राज्यों के साथ प्रभावी समन्वय स्थापित कर सुगम ट्रैफिक डायवर्जन और रूट प्लानिंग बनाई जाए। डीजीपी राजीव कृष्ण ने कहा कि यात्रा के दौरान उत्पन्न होने वाली किसी भी चुनौती का तत्काल संज्ञान लिया जाए ताकि कानून-व्यवस्था प्रभावित न हो। पड़ोसी राज्यों के एंट्री प्वाइंट और चेक पोस्ट पर समन्वय बनाए रखा जाए जिससे सूचनाओं के आदान-प्रदान में कोई बाधा न आए। प्रमुख सचिव और डीजीपी ने ग्राम स्तर तक सुरक्षा समितियों के साथ बैठकें करने और संवेदनशील बिंदुओं पर पूर्व से आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया।

बैठक में मेरठ, सहारनपुर, अलीगढ़, मुरादाबाद मंडल के साथ-साथ उत्तराखंड, दिल्ली, हरियाणा और राजस्थान के वरिष्ठ पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी शामिल हुए। बैठक से पहले मुख्य सचिव ने बाबा औघड़नाथ मंदिर पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया और जलाभिषेक किया।

त्रिशूल-तलवार और शस्त्र ले जाना प्रतिबंधित
मेरठ। मुख्य सचिव और डीजीपी ने त्रिशूल-तलवार और अन्य आपत्तिजनक वस्तु प्रतिबंधित होने की बात कही। डीजीपी ने कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान चलने वाली डाक कांवड़ की ऊंचाई एवं वाहनों पर लगे डीजे की ऊंचाई निर्धारित नियमों से ज्यादा है तो दूसरे राज्य की पुलिस व्हाट्सएप पर यह जानकारी साझा कर दें, ताकि इसको दुरुस्त कराया जा सके। उत्तराखंड पुलिस एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाएगी, जिसमें मेरठ जोन के पुलिस अधिकारियों के साथ-साथ सीओ और थाना प्रभारी को जोड़ा जाएगा। 

मुख्य सचिव एसपी गोयल ने कहा कि सीमावर्ती प्रवेश बिंदुओं पर सीसीटीवी की व्यवस्था और सघन चेकिंग की जानी चाहिए। दूसरे जिले के पुलिस अधिकारी रूट डायवर्जन में पूर्व निर्धारित किए रूट प्लान के एक-दूसरे को सहयोग दिया जाए।

डीजीपी ने निर्देश दिए कि सोशल मीडिया पर अफवाहों, भ्रामक सूचनाओं और फेक नैरेटिव पर त्वरित कार्रवाई की जाए। असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखी जाए।
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प्लास्टिक मुक्त कांवड़ यात्रा के निर्देश
मुख्य सचिव एसपी गोयल ने प्लास्टिक मुक्त कांवड़ यात्रा संपन्न कराने के निर्देश दिए हैं। सेवा शिविरों पर भी प्लास्टिक के कप, ग्लास व प्लेट्स के स्थान पर कागज के ईको फ्रेंडली सामग्री का उपयोग कराने के निर्देश पुलिस को दिए गए हैं।

 कांवड़ की ऊंचाई और डीजे की आवाज पर नजर रखने के निर्देश
डीजीपी ने बताया कि डाक कांवड़ की ऊंचाई दस फीट तय की गई है। डीजे की आवाज तेज न हो, इसको लेकर भी निर्देश दिए गए हैं। डीजीपी ने कहा कि दिल्ली-सहारनपुर-देहरादून इकनॉमिक एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे बन चुका है। इन दोनों के बनने से काफी राहत मिलेगी।
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