मेरठ में कोरोना संक्रमण में गिरावट के साथ ही जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव की जोड़तोड़ तेज हो गई है। मुख्य मुकाबला सपा-रालोद गठबंधन और भाजपा के बीच होने की संभावना है। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के चुनाव में भाजपा को पूरी ताकत लगानी पड़ेगी। इसके लिए हर हथकंडा अपनाना होगा, क्योंकि जरूरी बहुमत से भाजपा बहुत दूर है। भाजपा के मात्र पांच सदस्य हैं। दावेदारों की बात करें तो अभी तक गौरव चौधरी का नाम ही सामने आ रहा है। कुछ लोग प्रदीप उर्फ गुड्डू गगोल की भी चर्चा कर रहे हैं। गौरव चौधरी की पैरवी पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष मनिंदरपाल सिंह के साथ ही सिवालखास विधायक जितेंद्र सतवाई कर रहे हैं। जबकि प्रदीप उर्फ गुड्डू गगोल की पैरवी दक्षिण विधायक सोमेंद्र तोमर कर रहे हैं। चुनाव प्रबंधन के नजरिए से गौरव चौधरी का दावा मजबूत माना जा रहा है। हालांकि गुर्जर सदस्यों की संख्या 10 होने के कारण प्रदीप उर्फ गुड्डू का दावा भी कमजोर नहीं है।
विपक्षी दलों में सपा की दावेदारी
सपा से 10 सदस्य निर्वाचित होकर आए हैं, जबकि बसपा के आठ और रालोद के छह सदस्य हैं। एक आम आदमी पार्टी और तीन निर्दलीय हैं। सपा का दावा मानें तो उनके पास अपने दस के अलावा कुछ और मुस्लिम सदस्य भी बताए जा रहे हैं। रालोद का समर्थन भी सपा अपने पक्ष में तय मानकर चल रही है। अतुल प्रधान विपिन भड़ाना को चुनाव लड़ाना चाहते हैं, लेकिन पार्टी में सहमति नहीं कि वह इतना समर्थन जुटा सकें। पूर्व कैबिनेट मंत्री शाहिद मंजूर पांच सदस्यों को अपने साथ लेकर चल रहे हैं। उनके पास गुरुवार को छह सदस्य हो चुके हैं।
सूत्रों के अनुसार इन छह सदस्यों के साथ उन्होंने ग्राम नंगला में बैठक भी की है। सपा में गुटबाजी के चलते अभी दावेदार का नाम कोई स्पष्ट नहीं कर रहा है।
बसपाई खेमा है शांत
जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर आठ सदस्य होने के बावजूद बसपा खेमा अभी शांत है। इसका बड़ा कारण यह है कि ऐसा कोई सदस्य सामने नहीं है, जिसने अध्यक्ष पद का दावा किया हो। बसपा खेमे से अधिकांश वोट भाजपा के विपक्ष में ही जाएंगे।
पूरी ताकत से लड़ाना है चुनाव: भूपेंद्र सिंह
मुजफ्फरनगर में केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान के भाई के निधन पर शोक व्यक्त कर लौटते वक्त पंचायती राज मंत्री भूपेंद्र सिंह ने गुरुवार शाम एकता अपार्टमेंट स्थित जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन मनिंदरपाल सिंह के आवास पर हस्तिनापुर विधायक दिनेश खटीक और कार्यकर्ताओं के साथ चाय पर चुनाव को लेकर चर्चा की। भूपेंद्र सिंह ने कहा कि पार्टी जिसे भी जिला पंचायत अध्यक्ष का प्रत्याशी तय करेगी, उसे पूरी ताकत से चुनाव लड़ाना है। उन्होंने कहा कि मजबूत प्रत्याशी की तलाश करें, ताकि पार्टी नेतृत्व से उसकी मजबूती से पैरवी की जा सके।