फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

काम की खबर: दूसरे जिले में गाड़ी बेचने के लिए अब एनओसी जरूरी नहीं, लोगों को मिलेगी राहत

Thu, 12 Sep 2019 01:31 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Social
विज्ञापन

अगर सब कुछ ठीक रहा तो लोगों को अपनी गाड़ी दूसरे जिलों में बेचने के लिए एनओसी नहीं लेनी पड़ेगी। परिवहन विभाग इस कवायद में लगा है। सूत्रों का दावा है कि नवंबर तक लोगों को यह सुविधा दी जा सकती है। इस सुविधा के लागू होने से लोगों को काफी राहत मिलेगी। 

विज्ञापन


इस समय जारी व्यवस्था के तहत एक जिले से दूसरे जिले में गाड़ी बेचने के लिए वाहन स्वामी को एनओसी की जरूरत पड़ती है। एनओसी के लिए सबसे पहले फार्म नंबर 28 डाउनलोड करना पड़ता है।

 

यह भी पढ़ें: गुदड़ी बाजार में दबंगई: कहां से आए इतने हथियार, हिस्ट्रीशीटर शाहिद अखलाक को कैसे मिला शस्त्र लाइसेंस

इसके बाद इसे भरकर गाड़ी के सभी कागज साथ लगाकर एनओसी के लिए आवेदन करना होता है। यहां से आरआई की रिपोर्ट लगने के बाद रिपोर्ट एसएसपी कार्यालय भेजी जाती है। यहां से वाहन की रिपोर्ट आने के बाद आरटीओ से एनओसी जारी कर दी जाती है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

अब छुटकारा दिलाने की कोशिशें : लेकिन परिवहन विभाग लोगों को परेशानी से छुटकारा दिलाने की कोशिशों में जुटा है। सूत्रों का कहना है कि पुलिस के पास सभी वाहनों का रिकॉर्ड होता है। उससे होने वाली दुर्घटना या किसी घटना को अंजाम दिया जाना सब ऑनलाइन दर्ज होता है। परिवहन विभाग वाहन के दूसरे जिले में बेेचे जाने की स्थिति में एनओसी के लिए वाहन की जानकारी ऑनलाइन ही ले लेगा। 

यह भी पढ़ें: मोबाइल से लेकर नशे की डोज तक, इन खुफिया तरीकों से जेल में बंद कैदियों तक पहुंचाया जाता है हर सामान

बिना सुविधा शुल्क नहीं एनओसी : एनओसी लेने के लिए वाहन स्वामी को कोई फीस नहीं देनी होती है। यह नि:शुल्क जारी की जाती है। लेकिन वाहन स्वामी को इसे बनवाने के लिए पुलिस ऑफिस से लेकर आरटीओ तक में सेटिंग कर पैसे तक देने पड़ते हैं। 

निर्देश पर शुरू होगा कार्य
परिवहन विभाग ऑनलाइन एनओसी चेक कर गाड़ी का रजिस्ट्रेशन कराने की दिशा में आगे बढ़ रहा  है। लेकिन यह सब मुख्यालय स्तर से होना है। वहां से जो भी निर्देश मिलेगा उसी के अनुसार कार्य शुरू कर दिया जाएगा। -डॉ. विजय कुमार, आरटीओ 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें