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विधवा महिला का दर्द: थाने में कई घंटे चला हाईवोल्टेज ड्रामा, बोली- दरोगा साहब, मेरी जिंदगी खराब करने वाले को सामने लाओ

Tue, 20 Jul 2021 01:55 AM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

थाने में कई घंटे तक हाईवोल्टेज ड्रामा चला। विधवा महिला ने अपनी दर्द भरी दास्तां सुनाई और कहा दरोगा साहब मेरी जिंदगी खराब करने वाले को सामने लाओ।
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मेरठ पुलिस - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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उत्तर प्रदेश के मेरठ में पुलिस के खिलाफ एक महिला ने लालकुर्ती थाने में जमकर हंगामा किया। महिला का आरोप था कि वह इज्जत की खातिर न्याय पाने के लिए दर-दर भटक रही है और पुलिस उसका मजाक बना रही है। जिसने जिंदगी खराब कर दी, उसे बचाया जा रहा है। कई घंटे तक थाने में ‘हाईवोल्टेज ड्रामा’ चला। बाद में महिला अंतिम सांस तक लड़ाई लड़ने की चेतावनी देते हुए लौट गई।

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महिला ने बताया कि जब वह अपनी ननिहाल में थी तो यह युवक उसके संपर्क में आया। वह पास-पड़ौस के रिश्ते से मौसी लगती थी और उसी नजरिए से बात करती थी लेकिन युवक की मंशा कुछ और थी। वर्ष 2007 में पति की मौत हो चुकी थी। इसलिए वह कहीं भी आने-जाने के लिए इसी की मदद लेने लगी। धीरे-धीरे उस युवक ने अपनी बातों में उसे फंसा लिया और शादी का प्रस्ताव रख दिया। महिला ने बताया कि उसके तीन बच्चे थे और उन्हें सहारे की जरूरत थी, इसलिए वह भी राजी हो गई। रिश्तेदारों को पता चला तो उन्होंने संबंध ही खत्म कर दिया। वह फिर भी युवक के कहने पर उसके साथ किराए पर रही। पिछले महीने 21 जून को उसे पता चला कि जिसने जीवन सवारने के सपने दिखाए थे, वह इज्जत लूटकर कहीं और शादी कर रहा है तो वह विरोध में खड़ी हो गई। एक एनजीओ की मदद से अफसरों से शिकायत की। मामला सदर बाजार थाने जा पहुंचा लेकिन, जल्द ही न्याय की उम्मीद भी टूट गई। 

पुलिस पर लगाया खेल करने का आरोप
लालकुर्ती थाने में हंगामा करने वाली महिला ने 29 जून को एसएसपी से शिकायत की थी। मामला सदर बाजार थाने पहुंच गया। पुलिस ने दोनों पक्षों को थाने बुलवाया और उनसे बात की। इस दौरान ऐसा कुछ हुआ कि महिला समझौते पर राजी हो गई। महिला का आरोप है कि आरोपी युवक की दो जुलाई को शादी होनी थी। दरअसल, उसकी शादी में कोई दिक्कत ना आए, इसके लिए षड्यंत्र रचा गया था और पुलिस इसकी सूत्रधार थी। ना चाहते हुए भी उसको समझौते की एवज में 2.5 लाख दिलाने का लालच दिया। पीड़ित होने के बावजूद उसी से समझौता लिखवाया गया और वीडियो भी बनाई गई। 
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परिजनों ने बेटे को बताया बेगुनाह
तीन दिन पूर्व महिला ने शिकायत की थी। सोमवार सुबह दोनों पक्षों को बुलाया गया था। दरोगा ने युवक के परिजनों से बात की तो उन्होंने महिला पर ही गंभीर आरोप लगा दिए। उनका कहना था कि जिस समय की यह बात कर रही है, उस समय उनका बेटा नाबालिग था। यह सुन महिला आक्रोशित हो गई। उसने युवक की कुछ वॉयस रिकॉर्डिंग दरोगा को सुनाई और ऐसे बहुत से सबूत पास होने का दवा किया। उसका कहना था कि मैं पीड़िता होने के बाद दर-दर भटक रही हूं और आरोपी छिपता फिर रहा है। जब तक उसे सामने नहीं लाते, तब तक वह शांत नहीं बैठेगी और ना ही किसी कागज पर अब हस्ताक्षर करेगी।

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