सरधना रोड स्थित सैनिक विहार निवासी राजू ने बताया कि ताऊ विक्रम सिंह राणा पूर्व सैन्यकर्मी थे। उसके ताऊ की दो साल पूर्व मौत हो गई थी। उनके दो बेटे थे। बड़ा बेटा निशांत राणा आर्मी में राजस्थान में तैनात है। वही छोटा बेटा 26 वर्षीय विक्रांत राणा था। विक्रांत मल्टीनेशनल कोचिंग सेंटर मेरठ में ब्रांच मैनेजर था। विक्रांत अपने चचेरे भाई राजू व दो दोस्त चिराग निवासी खिर्वा रोड व निर्देश निवासी हरिनगर के साथ सोमवार रात गोलू ढाबे पर कार से खाना खाने के लिए गया था। कार निर्देश चल रहा था। निर्देश ने ढाबे के बाहर सड़क पर गाड़ी खड़ी कर दी थी। चारों युवक गाड़ी से उतरकर ढाबे पर खाना खाने के लिए जा रहे थे।
इसी बीच सरधना की तरफ से आ रही तेज रफ्तार वैन ने युवकों को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर लगने के बाद विक्रांत गंभीर रूप से घायल हो गया। वही चिराग, निर्देश व राजू मामूली रूप से घायल हुए। हादसे के बाद आरोपी चालक वैन लेकर मौके से भाग गया। राहगीरों ने चारों घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया। जहां चिकित्सकों ने विक्रांत को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। युवक की मौत की सूचना मिलने पर परिजनों में कोहराम मच गया। पुलिस सीसीटीवी के आधार पर आरोपी कार चालक की तलाश में लग गई है। थाना प्रभारी योगेश शर्मा का कहना है कि आरोपी चालक की पहचान की जा रही है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
मंगलवार को था पिता का श्राद्ध
चचेरे भाई राजू ने बताया कि उनके ताऊ की दो साल पूर्व 15 अगस्त को मौत हो गई थी। ताऊ की मौत के बाद परिवार ने खुद को किसी तरह संभाला था। सोमवार रात घटना ने परिवार को तोड़ कर रख दिया। मंगलवार को उसके ताऊ का श्राद्ध था। रिश्तेदार व दोस्तों को विक्रांत की मौत पर यकीन नहीं हो रहा। दोस्तों के अनुसार विक्रांत बहुत ही हंसमुख मिजाज का था।
घटना के 20 घंटे बाद भी चालक का नहीं पता
भाजपा युवा मोर्चा के महानगर अध्यक्ष अंकुर कुशवाहा ने कहा कि घटना के 20 घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस आरोपी चालक की गिरफ्तारी नहीं कर पाई है। पुलिस वैन का नंबर तक ट्रेस नहीं कर सकी।