इसलिए राकेश ने तार लगाने से मना कर दिया। इस पर प्रदीप के बेटे अंकुश ने गुस्से में आकर उन पर दो गोलियां चलाईं। एक गोली राकेश के बाएं हाथ और दूसरी कूल्हे में लगी। बताया गया है कि नलकूप का तार लगाने से मना करने पर एक दिन पहले भी फोन पर लाइनमैन की आरोपी पक्ष से कहासुनी हुई थी। सीओ आशुतोष कुमार ने बताया कि आरोपी की तलाश के लिए दो टीमें लगाई गई हैं और संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
प्रभारी निरीक्षक दिनेश प्रताप सिंह ने बताया कि जांच में सामने आया है कि आरोपी कई दिन से लाइनमैन राकेश पर उनके नलकूप का तार दूसरे पोल पर लगाने का दबाव बना रहे थे। रविवार को राकेश ने उन्हें जेई से बात करने की सलाह दी। इसी बात पर अंकुश भड़क गया और उसने गोली मारकर राकेश को घायल कर दिया।