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एमडीए ने बनाए 875 फ्लैट, लेकिन कमाई शून्य

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एमडीए ने बनाए 875 फ्लैट, लेकिन कमाई शून्य
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मेरठ। शहरी क्षेत्र में आवासीय योजनाओं को रफ्तार देने के लिए समाजवादी आवास योजना में 875 फ़्लैटों का निर्माण किया गया। अरबों रुपये की लागत से बनाए गए इन फ्लैटों से मेरठ विकास प्राधिकरण को एक रुपये की कमाई भी नहीं हुई है। हालात ये हो गए हैं कि इन प्रोजेक्ट के फेल होने से एमडीए कर्ज के बोझ में दबने के कगार पर खड़ा है। अगर इन आवासों से उसे आमदनी होती तो शहर का विकास भी तेजी से हो पाता, लेकिन ये फ्लैट पिछले कई वर्षों से अधूरे पड़े हैं।
वर्ष 2014-15 में अरबों रुपये की लागत से शताब्दीनगर, लोहियानगर में समाजवादी आवास तैयार किए गए। शताब्दीनगर में 570 और लोहियानगर में 305 फ्लैटों का निर्माण किया गया, लेकिन यह योजना परवान नहीं चढ़ सकी। एमडीए की योजनाओं में काम करने वाले ठेकेदार का भुगतान भी आज तक नहीं हुआ। एमडीए के मुख्य अभियंता दुर्गेश श्रीवास्तव का कहना है कि पिछले सालों में जो मकान बनाए गए, उनका भुगतान भी नहीं हुआ। जिससे करोड़ों का भुगतान भी बकाया है।
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कांशी और बराल का हाल बेहाल
वहीं, परतापुर क्षेत्र में गांव कांशी और बराल में कांशीराम आवास योजना के तहत बनाए गए सैकड़ों आवास खंडहर में तब्दील हो गए हैं। साल 2008 से 2013 के बीच बनाए गए इस आवासों का लाभ एक भी पात्र को नहीं मिला। इन आवासों के निर्माण के लिए शासन ने एमडीए को कार्यदायी संस्था बनाकर 32 करोड़ रुपये दिए थे। दोनों गांवों में करीब 982 आवासों का निर्माण अधूरा छोड़ दिया गया।
एमडीए वीसी का बंगला खंडहर
तत्कालीन एमडीए वीसी राजेश ने अपने कार्यकाल के समय शताब्दीनगर में आलीशान बंगला तैयार किया था, लेकिन ये भी खंडहर में तब्दील हो गया है। इस बंगले की नीलामी के लिए कई बार वार्ता हुई, लेकिन अभी तक कोई निर्णय नहीं हो सका है। इससे भी एमडीए को नुकसान झेलना पड़ा।
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अब पीएम आवास पर नजरें
वहीं, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत वर्ष-2022 तक हर गरीब को अपना आवास देने के सपने को पूरा करने के लिए एमडीए तीन स्थानों पर फ्लैट बना रहा है। शताब्दीनगर, लोहियानगर, सरायकाजी में 1088 आवासों का निर्माण कराया जा रहा है। हालांकि, अभी इनकी दूसरी किश्त शासन से न मिल पाने के कारण कार्य रुक गया है। पहली किश्त के रुप में शासन से दस करोड़ रूपये मिले थे। वहीं, दूसरी किश्त भी दस करोड़ की मिलनी है। इसमें शताब्दीनगर में 384, लोहियानगर में 128 और सरायकाजी में 576 आवास शामिल हैं।
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