मुस्तफा ने अपना घर इमरान नाम के युवक को किराए पर दिया था। मंगलवार को मुस्तफा मकान का किराया लेने के लिए बजोट में आया था। इसी दौरान सरताज और उसके दोस्त कादिर सहित तीन लोगों ने मिलकर मुस्तफा को गांव में ही घेर लिया।
आरोप है कि उसके साथ मारपीट की गई। वह आरोपियों से छूटकर भाग निकला और पत्नी को फोन करके घटना के बारे में बताया। इसी दौरान सरताज और उसके साथियों ने मुस्तफा को गोली मार दी। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना की जानकारी लगते ही लोगों की भीड़ जुट गई और उन्होंने आरोपियों की घेराबंदी का प्रयास किया। सूचना मिलते ही लिसाड़ी गेट थाने की पुलिस पहुंची। पुलिस ने भी आरोपियों को पकड़ने का प्रयास भी किया, लेकिन वह भाग गए।
घटनास्थल परतापुर थाना क्षेत्र का है। यह पता लगने पर परतापुर पुलिस भी पहुंची। स्थानीय लोगों ने आधे घंटे तक मुस्तफा का शव नहीं उठने दिया और हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हंगामा कर दिया। पुलिस ने लोगों को समझाकर शांत किया और आश्वासन दिया कि जल्द ही पुलिस सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लेगी।
फोन पर चिल्लाता रहा मुस्तफा, रोती रही पत्नी
बताया गया है कि मुस्तफा ने अपनी पत्नी हाजरा को फोन करके बताया कि सरताज और उसके साथी उसकी हत्या करने के लिए बजोट गॉव में ढूंढ रहे हैं। मैं एक घर में हूं। मुस्तफा चिल्लाता रहा कि बचा लो, नहीं तो सरताज मार देगा। पत्नी भी रोती रही और वह अपनी ननद सज्जो को लेकर बजोट गांव में जाने के लिए भी निकल पड़ी। लेकिन तब तक सरताज ने उसकी गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
शव को सड़क पर रखकर किया हंगामा
ग्रामीणों ने गांव में ही शव को सड़क पर रखकर हंगामा कर दिया। करीब आधे घंटे तक ग्रामीणों की भीड़ लगी रही और हत्यारों की गिरफ्तारी की मांग करते रहे। पुलिस ने आश्वासन दिया कि 24 घंटे में हत्यारोपी गिरफ्तार होंगे। पीड़ित परिवार को इंसाफ दिया।
एसपी सिटी विनीत भटनागर का कहना कि आरोपियों की तलाश में पुलिस की दो टीम गठित कर दी है। पुलिस ने आरोपी की तलाश के जगह दबिश दी, लेकिन वह नहीं मिले। जल्द गिरफ्तार होंगे।