-अदालत ने 45 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। किशोरी से दुष्कर्म के एक मामले में न्यायालय अपर जिला जज पोक्सो अधिनियम रीमा मल्होत्रा ने फैसला सुनाया है। दोषी पाए गए मेहताब को 10 वर्ष के कारावास की सजा दी गई है। उस पर 40500 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
यह सजा नाबालिग से दुष्कर्म के आरोप में सुनाई गई है। मेहताब मेरठ का निवासी है। अभियोजन के अनुसार, किशोरी के पिता ने 5 जुलाई 2015 को थाना सरधना में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया था कि बेटी अपनी सहेली के साथ जा रही थी। रास्ते में उनकी 15 वर्षीय पुत्री को आरोपी गाड़ी में बिठाकर ले गया था। पुलिस ने कुछ समय बाद पीड़िता और आरोपी को तलाश लिया। पीड़िता ने अपने बयानों में दुष्कर्म होने की बात बताई। इसके बाद आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म से संबंधित धाराएं जोड़ी गईं। न्यायालय में इस मामले का विचारण शुरू किया गया। सरकारी वकीलों ने पांच गवाह पेश कर अपना मामला साबित किया। सोमवार को न्यायालय ने दोनों पक्षों को सुनकर साक्ष्यों के आधार पर मेहताब को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।