मेरठ में शोभापुर-कंकरखेड़ा के चर्चित अनुसूचित-गुर्जर संघर्ष में गोपी पारिया की हत्या के बदले एक और हत्या हो गई। शनिवार को दायमपुर के पास मिले युवक के शव की रविवार को मोनू गुर्जर (25) पुत्र मांगेराम निवासी शोभापुर के रूप में शिनाख्त होने पर फिर से जातीय तनाव की स्थिति बन गई है।
मोनू बसपा नेता गोपी पारिया की हत्या के आरोप में जेल में बंद सपा नेता मनोज गुर्जर का भतीजा था। मोनू की हत्या अपहरण के बाद निर्दयता से की गई। पहचान छिपाने के लिए शव जला दिया गया था। शोभापुर में चार अप्रैल 2018 को गोपी की ऐलान के बाद हत्या की गई थी। पुलिस ने हत्या के आरोप में शोभापुर निवासी मनोज गुर्जर, आशीष गुर्जर, कपिल और गिरधारी को जेल भेजा था। मनोज अभी जेल में बंद है।