- मंगलवार को जेनरेटर में आग लगने से 20 घंटे बिजली रही थी गुल
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। सुपरटेक पामग्रीन सोसाइटी में मंगलवार सुबह शॉर्ट सर्किट के चलते जनरेटर में आग लग गई थी। इस कारण सोसाइटी में 20 घंटे विद्युत आपूर्ति ठप रही थी। मंगलवार रात करीब डेढ़ बजे विद्युत आपूर्ति सुचारु हो सकी। उधर, बैकअप के लिए नोएडा से जेनरेटर किराए पर मंगाया गया। बुधवार को दिनभर जेनरेटर के कनेक्शन को जोड़ा गया। देर शाम बैकअप की भी व्यवस्था हो सकी। कुल मिलाकर करीब डेढ़ दिन बाद सुपरटेक सोसाइटी में जनजीवन सामान्य हो सका।
दिल्ली रोड स्थित सुपरटेक पामग्रीन सोसाइटी 500 परिवार रहते हैं। इसके डी-ब्लॉक के पीछे जनरेटर रखे हुए हैं। मंगलवार सुबह जनरेटर में तेज धमाके के साथ भीषण आग लग गई थी। इस दौरान सोसाइटी के लोग फ्लैट से निकलकर बाहर की तरफ भागे। सूचना पर पहुंची फायर ब्रिगेड ने आधा घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया था। आग लगने की वजह से सोसाइटी की बिजली गुल हो गई थी। 20 घंटे तक बिजली गुल रहने से बच्चे, बुजुर्ग व महिलाओं का हाल बेहाल हो गया था। सुपरटेक पामग्रीन सोसाइटी के मैनेजर हरबीर कुमार ने कहा कि विद्युत आपूर्ति शुरू कर दी गई है। लाइट आने के बाद कुछ फ्लैट में बिजली की समस्या रही, लेकिन उनका भी समाधान करा दिया गया।
जनरेटर जलने से 85 लाख का नुकसान
सोसाइटी के हेड मैनेजर हरबीर कुमार ने बताया कि जनरेटर के साथ ही एलटी लाइन भी जल गई। इससे 85 लाख रुपए का नुकसान हो गया। जनरेटर के लिए रखा 700 लीटर तेल भी बर्बाद हो गया। सोसाइटी में 250 से अधिक अग्निशमन यंत्र हैं। जो साढ़े छह किलोग्राम से नौ किलोग्राम तक हैं। मंगलवार को भी 11 अग्निशमन यंत्र से आग पर काबू पाने का प्रयास किया था।
बीते तीन माह में 239 स्थानों पर लगी आग
मेरठ। ऊंची बिल्डिंग में आग बुझाना सबसे मुश्किल काम होता है। सबसे ज्यादा परेशानी हाईराइज बिल्डिंगों की आग पर काबू पाने में होती है। शहर में सबसे बड़ी बिल्डिंग 44 मीटर ऊंची है। करीब दस वर्ष पूर्व ऐसी बिल्डिंगों में आग पर काबू पाने के लिए दमकलकर्मियों को हाईड्रोलिक प्लेटफार्म की सौगात मिली। अब वह वर्ष 2023 में नोएडा को सौंप दिया गया। पिछले तीन महीनो में मेरठ में जनवरी, फरवरी और मार्च में 239 स्थानों पर आग लगी हैं। जनवरी में 41, फरवरी में 84 और मार्च में 114 आग की घटनाएं हुई।
यह है सुविधाएं
- एक फोम टेंडर 5000 लीटर क्षमता का।
- एक फायर क्विक रिस्पांस व्हीकल 800 लीटर क्षमता।
- दो फायर इमर्जेंसी इंजन मोटरसाइकिल।
- 11 फायर टेंडर 2500 से 6500 लीटर क्षमता वाले।
- तीन बैग पैक बुलेट मोटरसाइकिल।
- एक फायर टेंडर 12 हजार लीटर क्षमता का।