- 73 अधिवक्ताओं पर प्राथमिकी के बाद दूसरे पक्ष पर रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पहुंचे थे
- डीएम-एसएसपी के संग हुई बैठक में प्राथमिकी दर्ज करने का आश्वासन मिला
माई सिटी रिपोर्टर/संवाद
मेरठ। 13 नामजद समेत 73 वकीलों पर जानलेवा हमले व अन्य संगीन धाराओं में प्राथमिकी दर्ज होने के बाद सोमवार को बड़ी संख्या में वकील एसएसपी से मिलने पहुंचे। यहां पुलिस फोर्स तैनात देखकर और मुलाकात में देरी होने पर वकील नाराज हो गए और उन्होंने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। वकीलों ने विरोध में न्यायिक कार्य नहीं किया। शाम को जिलाधिकारी और एसएसपी के साथ वकीलों की बैठक हुई। एसएसपी अविनाश पांडेय ने वकीलों की तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज करने और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया। इसके बाद मामला शांत हुआ।
परीक्षितगढ़ के सिखेड़ा गांव निवासी शेर खान की शिकायत पर पुलिस ने वकीलों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। शेर खान का कहना था कि उनके परिचित मवाना के मीवा गांव निवासी फखरुद्दीन पर 17 अप्रैल को दिव्यांग किशोरी से छेड़छाड़ के मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इस मामले में शुक्रवार को आरोपी की अग्रिम जमानत खारिज होने पर फीस के रुपयोें को लेकर वकील आमिर खान से विवाद हो गया था। इसी दौरान शेर खान, साजिद, रियाज और फखरुद्दीन के एक रिश्तेदार को बंधक बनाकर वकीलों ने ईंट आदि से जानलेवा हमला किया था। इसके बाद आमिर खान, जमील, किरण, मोहम्मद आसिफ, गुफरान, दिलशाद, शादाब, हैविन, दिलदार, अंकित चपराना, हारुन, शाहनवाज और 60 अज्ञात वकीलों पर थाना सिविल लाइन में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
वहीं, वकीलों का आरोप था कि शुक्रवार को कुछ लोग पिस्टल लेकर वकील आमिर खान के चैंबर पर पहुंचे। इससे पहले वह पीछा करते हुए उनके घर पर भी गए थे। उन्होंने वकील पर जानलेवा हमला किया। इस संबंध में पुलिस को तहरीर दी गई थी लेकिन उनकी तहरीर पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज नहीं की। दूसरी ओर, वकीलों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई थी। इस मामले में वह सोमवार सुबह एसएसपी से मिलने पहुंचे थे। वकीलों ने आरोप लगाया कि एसएसपी ने उनसे मिलने से इन्कार कर दिया था। वकील बार के पदाधिकारी अनुज शर्मा, परवेज आलम, रविंद्र सिंह और प्रशांत गुप्ता के साथ एसएसपी कार्यालय पहुंचे थे। उन्होंने एसएसपी के खिलाफ भी नारेबाजी की।
जिलाधिकारी कार्यालय में हुई शाम को बैठक
सोमवार शाम चार बजे अधिवक्ताओं के प्रतिनिधि मंडल ने जिलाधिकारी कार्यालय में अधिकारियों से मुलाकात की। यहां एसएसपी भी मौजूद रहे। मेरठ बार एसोसिएशन व जिला बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों की अगुआई में ओपी शर्मा, एमपी शर्मा, संजय शर्मा, अजय त्यागी, अनिल तोमर, राजीव त्यागी, अमित राणा ने नाराजगी जाहिर करते हुए अधिवक्ताओं की तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज कराने की मांग की। मेरठ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अनुज कुमार शर्मा ने बताया कि डीएम-एसएसपी ने प्राथमिकी दर्ज करने का आश्वासन दिया है।
वर्जन-
वकीलों की तहरीर पर भी प्राथमिकी दर्ज कर जांच की जाएगी। दोनोें मामलों में निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
अविनाश पांडेय, एसएसपी