कुष्ठ रोगी शारीरिक ही नहीं बल्कि मानसिक रूप से भी बहुत कुछ झेलते हैं। उनके दर्द को इंजीनियरिंग के छात्र-छात्राओं ने नुक्कड़ नाटक के माध्यम से पेश किया। इसे देखकर हर कोई सोचने पर मजबूर हो गया। सर छोटूराम इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी में हुए कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं ने समझाया कि कुष्ठ रोग स्पर्श करने से नहीं फैलता। ऐसे में उनसे दूर होने के बजाय निकटता बढ़ाएं।
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पुण्य तिथि के मौके पर कॉलेज में स्पर्श कुष्ठ जागरूकता अभियान चलाया गया। इसका शुभारंभ विवि के कुलपति प्रो. एनके तनेजा ने किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि यह कोई छुआछूत की बीमारी नहीं है। इसका इलाज संभव है। इस बीमारी को लेकर समाज में कई भ्रांतियां हैं। ऐसे में लोगों को जागरूक होने की जरूरत है। वहीं प्रो. जयमाला ने कहा कि राष्ट्रपिता ने कुष्ठ रोगियों के लिए बहुत काम किया। इसके बावजूद लोग कुष्ठ रोगियों से दूर भागते हैं। नाट्य मंचन में संयोजक इंजीनियर अमित शर्मा, मयंक पटेल वीके त्रिपाठी, प्रज्ञा, आकाश, मो. शरीम, कोमल, कृति, प्रकाश, सुशील आदि का सहयोग रहा।
मैत्री क्रिकेट मैच का आयोजन
अभियान के तहत सर छोटूराम इंस्टीटयूट के मैदान पर शिक्षक व गैर शैक्षणिक कर्मचारियों के बीच एक मैत्री क्रिकेट मैच का भी आयोजन हुआ। इसमें टॉस जीतकर गैर शैक्षणिक कर्मचारियों ने बल्लेबाजी की। उन्होेंने निर्धारित 20 ओवर में 133 रन बनाए। शिक्षकों ने 20 ओवर खत्म होने से पहले तीन विकेट के नुकसान पर 134 रन बनाकर मैच जीत लिया। इंजीनियर मानव बंसल ने सबसे ज्यादा नाबाद 60 रन बनाए। उन्हें मैन ऑफ द मैच घोषित किया गया। कॉलेज की निदेशक प्रो. जयमाला ने सभी का आभार व्यक्त किया। इस दौरान उप निदेशक डॉ. राजीव सिजेरिया, प्रो. वीरपाल, प्रो. नवीन चंद्र लोहानी, प्रो. असलम जमशेदपुरी, डॉ. जमाल अहमद सिद्दीकी, डॉ. रूप नारायण, डॉ. मुकेश शर्मा, डॉ. विवेक त्यागी, डॉ. अशोक सोम, मनीष मिश्रा, अर्पित छाबड़ा, प्रियांक सिरोही, पंकज कुमार, अनुज प्रताप, अमित पूनिया, डीपी सिंह, गौरव त्यागी, जेआर बैंथम, सुबोध पंवार, अंकित, संदीप अग्रवाल, मितेंद्र कुमार गुप्ता आदि मौजूद रहे।