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झटका: जयंत चौधरी नहीं कर पाएंगे किसानों पर पुष्पवर्षा, प्रशासन ने नहीं दी अनुमति, किसानों को लुभाने के लिए चला था दांव

Sat, 04 Sep 2021 10:50 PM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी को प्रशासन ने अनुमति नहीं दी। जयंत चौधरी कल दोपहर में किसान महापंचायत पर हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा करना चाहते थे लेकिन अनुमति नहीं मिलने से उन्हें निराश होना पड़ा। उन्होंने इसे लेकर ट्वीट भी किया है।
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रालोद प्रमुख जयंत चौधरी - फोटो : facebook.com/JayantRLD
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विस्तार
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पश्चिमी यूपी के मुजफ्फरनगर में पांच सितंबर यानी कल होने वाली महापंचायत पर पुष्पवर्षा करने के लिए रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी को प्रशासन की तरफ से अनुमति नहीं दी गई। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि बहुत माला पहनी हैं, मुझे जनता ने बहुत प्यार और सम्मान दिया है। उन्होंने कहा अन्नदाताओं पर पुष्पवर्षा कर किसानों को नमन और उनका सम्मान करना चाहता था। लेकिन प्रशासन ने इसके लिए अनुमति नहीं दी। इसके अलावा उन्होंने लिखा कि किसान के सम्मान से सरकार को खतरा है।

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यूपी में होने वाली अब तक की सबसे बड़ी महापंचायत से पहले रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी ने किसानों को लुभाने के लिए एक अहम निर्णय लिया था। जयंत चौधरी ने किसान महापंचायत का समर्थन किया है और वे कल हेलीकॉप्टर से किसानों पर पुष्पवर्षा करना चाहते थे। लेकिन प्रशासन ने अनुमति नहीं दी। 

उधर, सिटी मजिस्ट्रेट अभिषेक सिंह ने बाताया कि जंयत चौधरी के निजी सचिव का ई-मेल आया है, जिसमें हमने नागरिक उड्डयन विभाग का अनुमति पत्र मांगा है।

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बता दें कि तीन कृषि कानूनों के विरोध में चल रहे आंदोलन को मजबूती देने के लिए देशभर के किसान पांच सितंबर यानी रविवार को मुजफ्फरनगर के जीआईसी मैदान में जुटेंगे। संयुक्त किसान मोर्चा की इस महापंचायत पर सरकार से लेकर विपक्षी दलों तक की नजर है। खास बात यह है कि भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत और राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत भी पहली बार एक-साथ मंच पर नजर आएंगे। 

महापंचायत में देशभर के 300 से ज्यादा सक्रिय संगठन शामिल होंगे, जिनमें करीब 60 किसान संगठन होंगे और अन्य कर्मचारी, मजदूर, छात्र, शिक्षक, रिटायर्ड अधिकारी, सामाजिक, महिला आदि संगठन शामिल रहेंगे। किसानों के 40 संगठन अग्रणी भूमिका में रहेंगे, जबकि 20 संगठन पूरा सहयोग करेंगे।   

संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्यों के अनुसार पंजाब व हरियाणा के किसान संगठनों के नेताओं ने अपने साथ हजारों की संख्या में किसानों को लेकर आने का लक्ष्य तय किया है। यूपी के बाहर से आने वाले किसान संगठनों के नेता व किसानों ने आज शाम से ही मुजफ्फरनगर में डेरा डाल लिया है। मोर्चा के सदस्यों को लगता है कि इस महापंचायत से कृषि कानूनों के खिलाफ चल रहे आंदोलन को नई दिशा मिलेगी।
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