हरिद्वार से दिल्ली जा रही भाकियू की किसान क्रांति पदयात्रा सिवाया टोल प्लाजा पर रात्रि पड़ाव खत्म कर शनिवार को मोहिउद्दीनपुर पहुंची। करीब 30 किलोमीटर लंबे इस सफर में यात्रा का क्षेत्र के किसानों ने जगह-जगह स्वागत किया। बाबा टिकैत अमर रहे का नारा लगाता हुआ किसानों का सैलाब हाईवे पर आगे बढ़ता रहा। सुबह सात बजे शुरू हुई यात्रा ने शाम चार बजे मोहिउद्दीनपुर शुगर मिल पहुंचकर पड़ाव डाल दिया। थके हारे किसानों ने यहां लगे टेंटों में पहुंचकर विश्राम किया। महिलाओं के रहने का इंतजाम किसान इंटर कॉलेज के अलावा अन्य कई निजी स्कूलों में किया गया है।
कई मांगों को लेकर 23 सितंबर को हरिद्वार से शुरू हुई भाकियू की किसान क्रांति पदयात्रा शुक्रवार को सिवाया टोल प्लाजा पर आकर रुकी थी। रात्रि पड़ाव करने के बाद शनिवार सुबह करीब छह बजते ही किसानों ने यात्रा शुरू करने की तैयारी कर दी थी। चाय-नाश्ता आदि करने के बाद यात्रा सुबह करीब सात बजे राष्टीय अध्यक्ष नरेश टिकैत और राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत के नेतृत्व में दिल्ली की ओर कूच कर गई। बाबा टिकैत अमर रहे, जय जवान-जय किसान आदि नारे लगाते हुए किसानों का सैलाब अपने ट्रैक्टर-ट्रालियों के साथ आगे बढ़ता चला गया। यात्रा का स्वागत करने और नाश्ता व लंच आदि कराने के लिए ग्रामीणों ने रास्ते भर भंडारों के इंतजाम कर रखे थे। जिटौली गांव की तरफ से लगाए गए भंडारे में किसानों को चाय हलवे का वितरण किया गया। धीमी गति से चल रही यात्रा पूर्वाह्न करीब 11 बजे तक कंकरखेड़ा स्थित कैलाशी अस्पताल के सामने पहुंची। अस्पताल के सामने पड़े मैदान में दर्जनों गांवों के भंडारे लगे थे। यात्रा ने यहीं कुछ देर के लिए पड़ाव डाला और कई तरह के व्यंजनों का लुत्फ उठाया। दोपहर करीब 12 बजे यात्रा यहां से रवाना हो गई। शाम करीब चार बजे यात्रा मोहिउद्दीनपुर शुगर मिल पहुंच गई और यहीं पर रात्रि पड़ाव डाल दिया। यात्रा में मंडल अध्यक्ष मांगेराम त्यागी, चंद्रपाल फौजी, गजेंद्र सिंह, संजय दौरालिया, सतबीर जंगेठी, बाबा इलम सिंह, विनोद जिटौली, हरेंद्र जानी, रवींद्र दौरालिया, जवाहर सिंह जिटौली, अनिल मंत्री, नवाब सिंह, डॉ. विकास, अमरीश सकौती, टीटू मूंछ, महकार सिंह, विजयपाल घोपला, राजकुमार करनावल आदि मौजूद रहे।