सोशल ट्रेडिंग में 37 अरब रुपये के महाघोटाले की जांच चौंकाने वाले खुलासे कर रही है। जांच एजेंसियों के सूत्रों के अनुसार अनुभव मित्तल की सोशल ट्रेड डॉट बिज में शुरुआती दौर में मोटा पैसा लगाने वाले 5-10 फीसदी लोग ही धनवान हुए। उन्होंने इस पैसे से गाड़ियां और फ्लैट तक खरीदे। ये ऐसे लोग थे जो कहीं न कहीं कंपनी से जुड़े हुए थे। जबकि 10 से 15 फीसदी ऐसे लोग रहे, जिनका पैसा समय से दोगुना होकर निकल गया। बाकी इसके बाद सुनहरे सपने देखकर कंपनी में निवेश करने वाले करीब 75 फीसदी लोग इस महाठगी के मायाजाल में फंसकर अपनी गाढ़ी कमाई लुटा बैठे।
सेंट्रल और स्टेट की जांच एजेंसियां इस महाघोटाले की गहराई तक पहुंचने की कोशिश कर रही हैं। अभी तक छानबीन में सामने आ रहा है कि अनुभव मित्तल की कंपनी में कुछ ही लोगों को 20 गुना तक मुनाफा हुआ। कुछ लोगों ने 5 लाख रुपया कारोबार में लगाकर 20 लाख तक की कमाई एक साल में की। हालांकि सोशल ट्रेड डॉट बिज में पैसा लगाने वाले और भी बड़े खिलाड़ी हैं, जिन्होंने 20-30 लाख तक की रकम तमाम आईडी के जरिये पैक खरीदने पर झोंक दी थी।
इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि कुछ लोगों के खातों में रोजाना 50 हजार से अधिक की रकम आती थी। वहीं, ऐसी करीब 5 फीसदी आईडी चिह्नित की गई हैं। जिन्होंने सोशल ट्रेडिंग के खेल में पैसा लगाकर मोटी कमाई करने का सपना अपने दोस्तों और रिश्तेदारों को दिखाने का काम किया। इसी तरह से शुरूआत में कंपनी से जुड़े लोग ही सोशल ट्रेड बिज के लिए प्रचार प्रसार का सबसे बड़ा जरिया बन गए।
पैसा लगाकर डूबो दिया
कहीं न कहीं कंपनी से जुड़े माने जाने वाले ऐसे लोगों ने बाकी लोगों से पैसा लगवाया। कुछ दिनों तक यही दोस्ती फायदे का सौदा साबित हुई। क्योंकि दोस्तों के कहने पर उनके नीचे सोशल ट्रेडिंग में पैसा लगाने वालों को भी लाभ मिलता रहा लेकिन बीते चार महीने से कंपनी की हालत अच्छी नहीं थी। इस दौरान जिन्होंने 57500 का पैक खरीदा, अभी तक उनका पूरा पैसा नहीं लौटा है। करीब 15 से 20 हजार रुपया प्रत्येक आईडी पर फंसा है। जिनकी संख्या करीब 3 लाख लोगों से अधिक बताई जा रही है।
प्रॉपर्टी डीलर सबसे बड़े खिलाड़ी
खातों की छानबीन के साथ जांच एजेंसियों को पता चलता है कि सबसे ज्यादा फायदा प्रॉपर्टी डीलरों को हुआ है। क्योंकि प्रॉपर्टी सेक्टर में मंदी को देखते हुए उन्होंने करीब डेढ़ साल सोशल ट्रेडिंग में कदम रखा। अपने सारे स्टाफ को कंप्यूटरों पर बैठा दिया और वेबसाइट पर पेज लाइक करने का जिम्मा सौंप दिया। इन्होंने सबसे ज्यादा मुनाफा भी कमाया है। लेकिन इनके नीचे जुड़े करीब 40 से 60 फीसदी लोग फंस गए।
अब दर्द आ रहा जुबां पर
घोटाले का खुलासा होने के बाद अब लोग यूपीएसटीएफ से शिकायत कर रहे हैं। गुरु नानक नगर मेरठ निवासी अभिषेक भंडारी ने भी एसटीएफ से लिखित शिकायत की है कि 27 जनवरी को उन्होंने कंपनी में 57500 रुपये लगाए थे। जो कंपनी के एकाउंट में एनईएफटी किया गया। लेकिन आज तक कोई रिफंड नहीं मिला है।
पैसा फंसा है तो यहां करें शिकायत
अगर आपका पैसा फंसा है तो यूपीएसटीएफ से खुलकर शिकायत कर सकते हैं। इसके लिए एसटीएफ द्वारा दी गई ईमेल आईडी supportfraud@upstf.com पर लिखित शिकायत कर सकते हैं। शिकायत में आपके द्वारा खरीदे गए पैक की धनराशि के साथ ही बैंक के बारे में भी जानकारी दें। अगर किसी दूसरी सोशल ट्रेडिंग कंपनी में आपका पैसा फंसा है, तो उसके बारे में भी शिकायत कर सकते हैं।