कांवड़ यात्रा को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज कमिश्नर सुरेंद्र सिंह और एडीजी के साथ समीक्षा बैठक कर रहे हैं। उधर, डीएम ने नगर निगम के अधिकारियों से कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान रोड पर मांस की दुकानें नहीं खुलनी चाहिए। उन्होंने 24 घंटे में कार्य योजना की रिपोर्ट मांगी है।
कांवड़ यात्रा को सरकार ने मंजूरी दे दी है। कमिश्नर मेरठ सुरेंद्र सिंह मंडल के सभी जिलाधिकारियों को इस संबंध में निर्देश दे चुके हैं। गुरुवार को जिलाधिकारी के. बालाजी ने नगर निगम, कैंट बोर्ड, वन विभाग, पावर, सिंचाई, परिवहन, पुलिस और अन्य विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने पावर कॉरपोरेशन के अधिकारियों से हाईवे किनारे जर्जर विद्युत लाइन के तारों को बदलने के निर्देश दिए। सड़कों पर पैचवर्क करने के निर्देश दिए। उन्होंने कांवड़ शिविरों की संख्या की जानकारी ली। सड़क के आसपास साफ-सफाई के लिए कैंट बोर्ड और नगर निगम के अधिकारियों को निर्देशित किया। ढाबों और होटलों पर शौचालयों की व्यवस्था परखी जाएगी। जहां सड़क किनारे गूलर के पेड़ हैं, उनकी छंटाई सुनिश्चित कराएं। बैठक में एडीएम सिटी अजय तिवारी, डीएफओ राजेश कुमार समेत तमाम अधिकारी मौजूद रहे।
गंगनहर पटरी मार्ग पर बिजली, सुरक्षा पर विशेष फोकस
जिलाधिकारी के. बालाजी ने कहा कि यात्रा के दौरान मिश्रित आबादी वाले गांवों में शांति समिति को सक्रिय करें। उनके सहयोग से गांवों में सभी धर्मों के लोगों की बैठक करें। गंगनहर कांवड़ पटरी मार्ग पर उचित प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा को लेकर खास निगरानी करने को कहा। जहां नहर पटरी टूटी हुई है, वहां बैरिकेडिंग करने को कहा।
जिम्मेदारी सुनिश्चित की
कांवड़ यात्रा की तैयारियों को लेकर सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। कहीं भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। शिवभक्तों की सुरक्षा और शिविरों को लेकर विभागों की जिम्मेदारी सुनिश्चित की गई है।
- के. बालाजी, जिलाधिकारी