शहर में दौड़ रहीं नकली रोडवेज बसों के खिलाफ आरटीओ ने कार्रवाई शुरू कर दी है। शुक्रवार का प्रवर्तन टीमों ने चेकिंग अभियान चलाकर छह बसों को सीज कर दिया। वहीं चेकिंग की सूचना पाकर संचालकों ने बसों को संचालन बंद कर दिया।
शहर में ऐसा कोई रूट नहीं हैं, जहां ये नकली रोडवेज बसें संचालित नहीं हो रहीं हो। रोडवेज के समानांतर संचालन के लिए डग्गामारों ने अपनी बसों का रंग भी रोडवेज बसों की तरह करा रखा है। यात्री भ्रमित होकर असली व नकली रोडवेज का अंतर नहीं कर पा रहे हैं। अमर उजाला पिछले कई दिन से इस मुद्दे को उठा रहा है। इसके बाद परिवहन विभाग अधिकारियों ने शुक्रवार को सुबह छह बजे से ही विभिन्न रूटों पर चेकिंग अभियान शुरू कर दिया। एआरटीओ दिनेश कुमार और एआरटीओ दीपक कुमार शाह की टीमों ने दिल्ली रोड और गढ़ रोड पर संचालित हो रहीं छह बसों को पकड़कर सीज कर दिया। चेकिंग टीमों के सड़क पर होने और बसों के सीज करने की सूचना फ्लैश होते ही डग्गामारों ने अपनी बाकी बसों का संचालन रोक दिया। घंटो इंतजार करने पर भी रूटों पर बसें नहीं मिलने के बाद टीमें लौट गईं।
रोडवेज का कलर यूज नहीं कर सकते
आरटीओ डॉ. विजय कुमार ने रोडवेज आरएम एसके बनर्जी को फोन कर रोडवेज बसों के कलर कोड से संबंधित शासनादेश की बाबत जानकारी ली। आरएम ने रोडवेज मुख्यालय से जानकारी करने के बाद अवगत कराने को कहा। आरटीओ ने बताया कि प्राइवेट बसें रोडवेज की बसों का कलर कोड इस्तेमाल नहीं कर सकती हैं। ऐसी नकली रोडवेज बसों के खिलाफ रंग मामले में भी कार्रवाई की जाएगी।
एसएसपी से मिलकर मांगेंगे सहयोग
आरटीओ डॉ. विजय कुमार ने बताया कि वे एसएसपी से भी मिलकर सभी थाना प्रभारियों को डग्गामार वाहनों को पकड़ने के निर्देश देने की मांग करेंगे। थाना पुलिस के अवैध वाहनों को पकड़ने की सूचना देने पर एआरटीओ टीम पहुंचकर उन्हें सीज करने की कार्रवाई करेगी।