गंभीर मरीजों के इलाज में कर रहीं मदद
नर्स नीता रानी इमरजेंसी में कोविड और नॉन कोविड मरीजों का इलाज कर रही हैं। उनका कहना है कि परिवार से तो दूर हैं ही। मरीज का यह भी पता नहीं चलता की वह पॉजिटिव है या निगेटिव। बड़ी सावधानी बरतनी पड़ती है।
गर्म पानी पीना और गुनगुने पानी से स्नान
नर्स ज्योति सिंह का कहना है कि कोरोना ड्यूटी करने के बाद रोजाना गर्म पानी से स्नान करना। गर्म पानी पीना। यह एहतियात बरतते हैं। परिवार से दूर रहना पड़ता है। मुश्किल वक्त है। सभी का सहयोग जरूरी है।
1965 में हुई थी शुरुआत
नर्सिंग के संस्थापक फ्लोरेंस नाइटइंगेल का जन्म 12 मई 1820 को हुआ था। उन्हीं की याद में इस दिन को मनाते हैं। सबसे पहले इस दिवस की शुरुआत वर्ष 1965 में की गई थी। तब से लेकर आज तक यह दिवस इंटरनेशनल काउंसिल ऑफ नर्सेज द्वारा अंतरराष्ट्रीय नर्स दिवस के रूप में मनाया जाता है।