मेरठ में लिसाड़ी गेट क्षेत्र में बंद पड़े घेर में मिनी कमेला चलने का भंडाफोड़ हुआ है। छापे के दौरान मौके से भारी मात्रा में भैंस का मीट, जिंदा पशु और कटान के उपकरण बरामद हुए। कटान के आरोपी दो भाई फरार हो गए।
खेड़ा वाला पुल अहमदनगर निवासी नन्हे और उसका भाई हाजी नूर मीट का काम करते हैं। जिनका श्यामनगर में अहाता बंद पड़ा है। मंगलवार सुबह करीब 6:30 बजे मुखबिर ने अहाते में गोकशी की सूचना दी। सीओ कोतवाली दिनेश शुक्ल और इंस्पेक्टर लिसाड़ी गेट ने कोतवाली और देहली गेट पुलिस के साथ छापा मारा। जहां भैंसों के अलावा एक दर्जन से ज्यादा कटड़े के अवशेष पड़े मिले। जबकि सात कटड़े और एक भैंस जिंदा बरामद हुई। पुलिस के अनुसार अहाते में कई भैंस काटी गई। पुलिस ने डॉक्टरों की टीम बुलाकर सैंपल भरवाए। इस दौरान मीट ठेकेदार फरीद वहां पहुंचा तो कुछ लोगों ने इंस्पेक्टर से शिकायत करते हुए कहा कि मीट ठेकेदार की मिलीभगत से पशुओं का कटान किया जा रहा है। इंस्पेक्टर लिसाड़ी गेट ने बताया कि हाजी नन्हे और हाजी नूर और दो अन्य के खिलाफ अवैध मीट कटान में मुकदमा दर्ज कर लिया है। दस कुंतल मीट बरामद कर दबवा दिया गया।
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