एक साल पहले गांव से गुरुग्राम में बड़ी कंपनी में नौकरी करने की बात कहकर गई थी
मेरठ पुलिस ने जानसठ पहुंचकर जांच की तो पता चला
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। फौजियों को हनी ट्रैप में फंसाने वाली युवती की जांच करने शनिवार को मेरठ पुलिस मुजफ्फरनगर पहुंची। जहां से पता चला कि युवती नौकरी करने के बहाने एक साल पहले अपने गांव से आई थी। इस मामले की जांच पुलिस के साथ सुरक्षा एजेंसियां भी कर रही हैं।
नौचंदी पुलिस ने आरोपी युवती आरती और उसके साथी अंकुर को गिरफ्तार करके तीन दिन पहले जेल भेज दिया। फौजियों को ही क्यों निशाना बनाया जाता था, इसे लेकर देश की सुरक्षा में भी सेंधमारी भी हो सकती है। सुरक्षा एजेंसियां गुपचुप तरीके से छानबीन करने में लगी है। हनीट्रैप में शिकार हुए दोनों फौजियों से भी इंटेलिजेंस जानकारी जुटा रही है कि आखिर युवती से उनकी क्या-क्या बात होती थी।
इंस्पेक्टर नौचंदी संजय वर्मा के अनुसार युवती का गांव मुजफ्फरनगर जानसठ के पास है। पुलिस ने गांव में जाकर आरोपी युवती के बारे में जानकारी जुटाई है। जहां पता चला कि युवती गुरुग्राम में नौकरी करने की बात कहकर एक साल पहले गांव से आई थी। ग्रामीणों को जानकारी थी कि युवती एक बड़ी कंपनी में नौकरी करती है। हालांकि उसके परिजन गिरफ्तारी के दौरान नौचंदी थाने में आए थे। उन्हें अपनी बेटी के बारे में सारी जानकारी पुलिस द्वारा दी गई थी। एसपी सिटी डॉ. एएन सिंह का कहना कि पुलिस अभी सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है। आरोपी युवती से बरामद पांचों मोबाइल की सीडीआर से भी पता लगाया जा रहा कि आखिर कौन-कौन फौजी हनीट्रैप के शिकार हुए हैं।