छेड़छाड़ और वर्चस्व को लेकर छिड़ी है छात्रों में जंग
मोदीनगर। एमएम पीजी कालेज में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। प्रबंधन के अनुसार वर्तमान में कॉलेज में लगभग 35 सौ विद्यार्थी हैं, जिनमे 70 प्रतिशत छात्राएं हैं। छात्रों में हमेशा वर्चस्व को लेकर जंग छिड़ी रहती है। छेड़छाड़ भी विवाद का एक बड़ा कारण बन गया। मंगलवार दोपहर हुई घटना ने कॉलेज में सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक एक दिन पहले कॉलेज में पड़ोसी जनपद के छात्र ने छेड़छाड़ की थी। जिसका पता आरोपी को लगा तो वह उसकी हत्या के इरादे से पिस्टल लेकर कॉलेज पहुंचा। किन्तु वहां सुमित से उसका झगड़ा हो गया। जिसके बाद उसने फायरिंग कर दी। इसकी चपेट में सुमित के अलावा एक अन्य युवक निखिल भी आ गया। निखिल मेरठ के जानी स्थित पस्तरा गांव का निवासी बताया जा रहा है। वह साहिबाबाद के कॉलेज में पढ़ता है, जो किसी कोर्स की जानकारी करने के लिए मंगलवार को एमएम कॉलेज पहुंचा था।
फायरिंग के समय चल रहा था शिक्षण कार्य
जिस समय घटना हुई उस समय दूसरा पीरियड चल रहा था। अधिकतर छात्र-छात्राएं अपनी-अपनी कक्षाओं में थे। गोलियों की गूंज से वह सहम गए और भगदड़ मच गई। किसी को कुछ सूझ नहीं रहा था। परिसर में मौजूद छात्र-छात्राएं अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भाग रहे थे।
3500 छात्र-छात्राओं की सुरक्षा राम भरोसे
प्रधानाचार्य डॉ. आरसी लाल ने एसएसपी सुधीर कुमार सिंह को बताया कि कॉलेज की सुरक्षा को लेकर कई बार अधिकारियों को लिखा गया, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। आए दिन कॉलेज में विवाद होते रहते हैं। अगर सुरक्षा के बंदोबस्त नहीं किए गए तो भविष्य में कोई भी घटना हो सकती है।
सीसीटीवी खराब होने पर कप्तान ने लगाई फटकार
एमएम पीजी कॉलेज में लगे अधिकतर सीसीटीवी कैमरे खराब पडे़ हैं। घटना के बाद मौके पर पहुंचे कप्तान सुधीर कुमार ने खराब सीसीटीवी को लेकर कॉलेज प्रबंधन को फटकार लगाई। कहा, सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइन का खुला उल्लंघन है। इसके लिए प्रबंधन जिम्मेदार होगा। एसएसपी ने सीओ को कॉलेज प्रबंधन को नोटिस देने के निर्देश दिए।
बुजुर्ग गार्ड के सहारे कॉलेज की सुरक्षा
जानकारी के मुताबिक पूरे कॉलेज की सुरक्षा का जिम्मा मात्र एक बुजुर्ग गार्ड पर है। इस पर एसएसपी ने कड़ी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कॉलेज को अपने स्तर से सुरक्षा के पुख्ता बंदोबस्त करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि किसी तरह की लापरवाही मिलने पर कॉलेज प्रबंधक भी जवाबदेह होगा।