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20 दिन में 14 मौतें: शहरभर में फैला करंट का जाल, कहीं मानक से नीचे हाईटेंशन लाइन, तो कहीं तारों का मकड़जाल

Sun, 30 Jul 2023 01:48 PM IST
Dimple Sirohi दिशांत त्रिवेदी, अमर उजाला, मेरठ

सार

मानकों के विपरीत हाईटेंशन लाइन बिछी तो कहीं पानी में ही बिजली का खंभा लोगों के लिए खतरनाक बना हुआ है। 
 
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बिजली के तारों का मकड़जाल - फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
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सावधान रहिएगा? बारिश में करंट लोगों की जान ले रहा है। मानकों के विपरीत हाईटेंशन लाइन बिछी तो कहीं पानी में ही बिजली का खंभा लोगों के लिए खतरनाक बना हुआ है। बरसात के मौसम में 12 दिन में 14 लोगों की मौत हो चुकी है। इसको लेकर लोग कई बार हंगामा तक कर चुके है, जिससे कानून व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है। विद्युत विभाग की लापरवाही की शिकायत डीएम के पास पहुंच रही है, इसके बावजूद भी अधिकारियों की नींद नहीं टूट रही है।

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भावनपुर के राली चौहान में विद्युत विभाग की लापरवाही के चलते 15 जुलाई को राली चौहान में छह कांवड़ियों की मौत हुई। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के खिलाफ हंगामा किया, जिस पर डीएम ने जांच भी कराई। जांच रिपोर्ट में मानकों के हिसाब से राली चौहान मार्ग पर एक फीट नीचे हाईटेंशन लाइन मिली है। बरसात में शहर और देहात में कई जगह करंट उतरा है। जिससे अलग-अलग जगहों पर कई लोगों की मौत हो गई।

माधवपुरम में बृहस्पतिवार की रात करंट से मनोज कुमार की मौत हुई और ईश्वरपुरी में पानी में खड़े खंभे में करंट उतरने से दो गाय की मौत हो गई। जिस पर माधवपुरम और ईश्वरपुरी के लोगों ने हंगामा कर दिया। आरोप लगाया कि शहर के कई जगहों पर मानकों के विपरीप 1100 हजार और 440 वॉट की लाइन बिछी हुई है। खासतौर पर बरसात में बिजली का करंट उतरना खतरनाक बन रहा है। लिसाड़ीगेट, ब्रह्मपुरी, नौचंदी, कंकरखेड़ा में कई जगहों पर हाईटेंशन लाइन बड़ी खतरनाक है।

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माधवपुरम में पानी में खड़े खंभे
माधवपुरम के पार्षद दीपक वर्मा ने बताया कि बिजली के खंभे दो-दो, तीन-तीन फीट पानी में खड़े है। जिसमें अक्सर करंट उतरा है। गाय-भैंसों की अक्सर करंट से यहां पर मौत होती है। रात में कई लोगों की करंट से मौत हो चुकी है। महापौर ने भी माधवपुरम के बिजलीघर से जेई को बुलाकर पानी से खंभे हटाने की बात कहीं थी, लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ। इसके अलावा लिसाड़ीगेट व ब्रह्मपुरी में भी पानी में खंभे खड़े है, जिसमें करंट उतरने से अक्सर हादसे होते है।

कई जगह फैला मकड़जाल
कोतवाली, लिसाड़ीगेट सहित कई संकरी गलियों में विद्युत विभाग का मकड़जाल फैला है। जिसके चलते अक्सर वहां पर करंट से हादसे होते है। स्थानीय लोगों ने कई बार विद्युत विभाग के अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन कोई गंभीर नहीं है। लिसाड़ीगेट में कई इलाकों में तो लोगों ने अपने मकान की छत पर लड़की तक लगाकर विद्युत की लाइन हटाई हुई है। बारिश में लकड़ी में भी करंट उतरने से एक महीने पहले 5 साल के बालक की मौत हो गई थी।

डीएम-एसएसपी से शिकायत
करंट से मौत पर हंगामा होने से कानून व्यवस्था भी चुनौती बन रही है। स्थानीय पार्षद और लोग विद्युत विभाग के अधिकारियों की बजाये डीएम और एसएसपी से शिकायत करने लगे है। बृहस्पतिवार रात को एक युवक और दो गाय की मौत करंट से होने की शिकायत भी स्थानीय लोगों ने डीएम से की है। लोगों का कहना है कि विद्युत विभाग ने व्यवस्था नहीं सुधारीं तो गुस्साये लोग आंदोलन करने के लिए विवश होंगे।
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केस.1- 24 जुलाई 2023 को गंगानगर स्थित शिवलोक कॉलोनी मकान में काम कर रहे साकिब निवासी बहसूमा की करंट लगने से मौत हुई थी। साकिब मकान में ग्रिल लगने का काम कर रहे थे, तभी विद्युत लाइन की चपेट में आने से उनकी मौत हो गई।

केस-2- 25 जुलाई 2023 को खरखौदा के अल्लीपुर गांव में लोहे के गेट में करंट उतरने से 14 साल के अजबूर की मौत हो गई थी।

केस.3- 25 जुलाई को सुभाष बाजार में पीएनबी की छत पर हाईटेंशन का करंट उतर गया। जिसमें छत पर पतंग उड़ा रहे वंश रस्तौगी की मौत हो गई थी।

केस.4- 27 जुलाई को माधवपुरम सेक्टर-3 में मनोज कुमार की करंट लगने से मौत हुई।

केस.5- 8 जुलाई मुंडाली के अजराड़ा में 9 साल के शियान और 5 साल के मोईन की करंट लगने से मौत हुई।

ईश्वरपुरी में करंट लगने से दो गाय की मौत
ब्रह्मपुरी क्षेत्र के ईश्वरपुरी में शुक्रवार तड़के करंट लगने से दो गाय की मौत हो गई। जानकारी लगने पर पशु कल्याण अधिकारी डॉ. हरपाल सिंह ने विद्युत विभाग के अधिकारियों को फोन करके इस मामले की जानकारी दी। एक घंटे के अंतराल में दो गाय की मौत से स्थानीय लोगों में आक्रोश है। लोगों ने हंगामा किया, जिस पर विद्युत विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे। लोगों ने बताया है कि करंट से पहले भी कई पशुओं की मौत हो चुकी है।
करंट के चलते कई हादसे हुए है। जिसमें छह कांवड़ियों सहित अलग-अलग जगहों पर कई मौत हुई है। बारिश में करंट की घटना भी ज्यादा हो रही है। कई लोगों ने पोस्टमार्टम तक नहीं कराया है। कानून व्यवस्था के लिए पुलिस फोर्स तक लगाना पड़ता है।

रोहित सिंह सजवाण, एसएसपी
करंट लगने से मौत की घटना पर पुलिस-प्रशासन के अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचते है। विद्युत विभाग ने नियमानुसार कई पीड़ित परिवार को आर्थिक मुआवजा दिया है। माधवपुरम में बृहस्पतिवार की रात दो गाय की मौत होना बताया गया है। जहां पर संबंधित अधिकारियों की लापरवाही मिली है, वहां पर कार्रवाई भी सुनिश्चित की जा रही है। -दीपक मीणा, डीएम
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