वर्ष 2016 में मुजफ्फरनगर के चरथावल थाना क्षेत्र में बिरालसी भट्ठे पर पिकेट ड्यूटी दे रहे एक सिपाही और एक होमगार्ड को गोली मार कर घायल कर बदमाशों ने उनकी एसएलआर लूट ली थी। वारदात को तब राहुल खट्टा गैंग ने अंजाम दिया था। कोर्ट में पेशी के बाद बदमाशों को पुलिस कड़ी सुरक्षा में नहीं लेकर जाती।
मुजफ्फरनगर में ही वर्ष 2015 में शातिर आसिफ जायदा को कोर्ट में पेश कर पुलिस वापस ले जाने के लिए रेलवे स्टेशन पर बैठी थी, तभी विरोधी बदमाशों ने उसकी गोलियों से भून कर हत्या कर दी थी, इस वारदात में एक सिपाही भी जख्मी हुआ था।
बदन सिंह 'बद्दो'
बद्दो को साल 2017 में रविंद्र गुर्जर की हत्या में उम्रकैद की सजा गाजियाबाद कोर्ट ने सुनाई थी। तभी से बदन सिंह उर्फ बद्दो जेल में बंद था। मेरठ के बसपा नेता और जिला पंचायत सदस्य संजय गुर्जर की हत्या में भी बद्दो पर सुनवाई होनी थी। उसे फर्रुखाबाद जेल से मेरठ पेशी पर लेकर आना था। 28 मार्च को बद्दो की गाजियाबाद कोर्ट में पेशी थी। फतेहगढ़ थाने की पुलिस बद्दो को लेकर गाजियाबाद पहुंचे थी।
सुबह 10 बजे पेशी कराकर पुलिस बद्दो को मेरठ में दिल्ली रोड स्थित मुकुट महल होटल लेकर पहुंची। मुकुट महल होटल में बद्दो ने पहले से ही पुलिसकर्मियों के लिए मौजमस्ती, शराब पार्टी और अय्याशी का इंतजाम कराया था। इस दौरान शराब में नशे की गोलियां मिलवा दी गईं। पुलिसकर्मी जब नशे में धुत हो गए तो बद्दो अपने साथियों के साथ आसानी से फरार हो गया।