मेरठ। दीपावली के त्योहार के मद्देनजर, आतिशबाजी से होने वाले संभावित हादसों से निपटने के लिए अग्निशमन विभाग ने अपनी कमर कस ली है। किसी भी आपातकालीन स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए एसएसपी के निर्देश पर मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) ने दमकल कर्मियों की दो शिफ्टों में ड्यूटी सुनिश्चित की है। दमकल विभाग ने 17 स्पॉट चिह्नित किए हैं। जहां रविवार सुबह से ही दमकलकर्मियों की तैनाती शुरू हो गई है।
सीएफओ सुरेंद्र सिंह ने बताया कि यह विशेष ड्यूटी भैया दूज तक जारी रहेगी। जिले में फायर ब्रिगेड की कुल 18 गाड़ियां उपलब्ध हैं, जिनमें दो छोटी गाड़ियां भी शामिल हैं। इन 17 चिह्नित स्थानों पर एक बड़ी गाड़ी के साथ एफएसएसओ , चालक और चार फायरमैन तैनात किए गए हैं। इन कर्मियों द्वारा दो शिफ्टों में कार्य किया जाएगा। इससे किसी भी समय त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित हो सके।
चिह्नित किए गए स्थान
आग लगने की घटनाओं से निपटने के लिए विभाग ने जिले भर में महत्वपूर्ण स्थानों को चिह्नित किया है। इनमें बेगमपुल, हापुड़ अड्डा, लाला लाजपत राय मेडिकल कॉलेज, कंकरखेड़ा, मोदीपुरम, बुढ़ानागेट, शिव चौक सदर, घंटाघर चौपला, भूमिया का पुल, प्याऊ चौपला वैली बाजार, सेंट्रल मार्केट शास्त्रीनगर, सदर बाजार, शॉप्रिक्स मॉल, थाना किठौर, थाना मवाना, थाना हस्तिनापुर और थाना सरधना शामिल हैं। इन सभी स्थानों का चयन इस प्रकार किया गया है कि वे आस-पास के क्षेत्रों और विशेष रूप से आतिशबाजी बाजारों को भी कवर कर सकें।
चिकित्सा व्यवस्थाएं भी पुख्ता
दीपावली पर आतिशबाजी के कारण होने वाले किसी भी हादसे के मद्देनजर प्यारे लाल जिला अस्पताल और मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भी विशेष तैयारियां की गई हैं। तत्काल चिकित्सा सुविधा के लिए दोनों अस्पतालों में आपातकालीन उपचार के लिए 20-20 बेड आरक्षित रखे गए हैं। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आरसी गुप्ता ने आश्वासन दिया है कि किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में मरीजों को तुरंत उपचार प्रदान करने के लिए सभी आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, निजी अस्पतालों ने भी अपनी ओर से विशेष व्यवस्थाएं की हैं।
सुरक्षा संबंधी महत्वपूर्ण सुझाव
अग्निशमन विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे दीपावली के दौरान सुरक्षा संबंधी सावधानियों का पालन करें:
बच्चों को पटाखों से दूर रखें और प्रदूषण से बचाव के लिए मास्क का प्रयोग करें।
शराब पीकर आतिशबाजी न चलाएं।
आतिशबाजी चलाते समय बिजली के तारों से सावधान रहें।
आतिशबाजी चलाते वक्त पास में पानी और रेत अवश्य रखें, ताकि आग लगने पर तुरंत नियंत्रण पाया जा सके।
आग लगने की स्थिति में तुरंत शोर मचाकर लोगों को सूचित करें।
पुलिस कंट्रोल रूम नंबर 112 पर तत्काल संपर्क करें।
आग बुझाने का प्रयास करने के बजाय, सुरक्षित स्थान पर निकलने को प्राथमिकता दें।
दरवाजा बंद करके आग को फैलने से रोकने का प्रयास करें।शब्दों की अशुद्धियां दूर कर समाचार तैयार करें....
आग से बचाव के लिए फायर ब्रिगेड तैयार, 17 प्वाइंट पर लगाई ड्यूटी
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। दीपावली पर आतिशबाजी से होने वाले हादसों को लेकर अग्निशमन विभाग ने भी अपनी तैयारियां कर ली है। दमकल विभाग की ओर से इस स्थिति से निपटने के लिए इंतजाम कर लिए गए हैं। विभाग ने कुछ इमर्जेंसी नंबर जारी किए हैं। आग की घटना में इनका प्रयोग कर जल्द मदद ली जा सकती है। दमकल विभाग ने जिले भर में कुल 17 स्पॉट तैयार किए हैं। रविवार सुबह से इन पर ड्यूटी शुरु हो गई। एक बड़ी गाड़ी पर एफएसएसओ व चालक के अलावा चार फायरमैन तैनात किए गए हैं। दो शिफ्ट में यह ड्यूटी करेंगे। सीएफओ सुरेंद्र सिंह ने बताया कि यह डयूटी भैयादूज तक रहेगी। फायर ब्रिगेड की जिले में 18 गाड़ी है, जिसमें दो छोटी भी शामिल है।
जिले में यह स्थान किए गए हैं चिह्नित
बेगमपुल, हापुड़ अड्डा, लाला लाजपत राय मेडिकल कॉलेज, कंकरखेड़ा, मोदीपुरम, बुढ़ानागेट, शिव चौक सदर, घंटाघर चौपला, भूमिया का पुल, प्याऊ चौपला वैली बाजार, सैंट्रल मार्किट शास्त्रीनगर, सदर बाजार, शॉप्रिक्स मॉल, थाना किठौर, थाना मवाना, थाना हस्तिनापुर और थाना सरधना में डयूटी लगाई गई है। दमकल विभाग की ओर से बनाए गए स्पॉट की खास बात यह है कि इनको इस तरह से चिह्नित किया गया है, ताकि आस पास का आतिशबाजी बाजार भी कवर हो जाए।
मेडिकल और जिला अस्पताल में भी की गई है व्यवस्था
दीपावली पर आतिशबाजी से यदि कोई हादसा होता है, इसको लेकर प्यारे लाल जिला अस्पताल और मेडिकल अस्पताल में भी तैयारियां की गई है। बीस-बीस बेड दोनो अस्पतालों में रिजर्व में रखे गए है ताकि उनको समय रहते उपचार दिया जा सके। इसके अलावा प्राइवेट अस्पतालों ने भी अपनी अलग से विशेष व्यवस्था की है। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डा. आरसी गुप्ता ने बताया कि यदि कोई हादसा होता है तो तुरंत मरीज को उपचार मिल जाए, इसके लिए पूरे इंतजाम किए गए है।
- बच्चों को पटाखों से दूर रखें और मास्कर लगाकर रखें ताकि प्रदूषण अन्दर न जा सके।
- शराब पीकर आतिशबाजी न चलाएं। आतिशबाजी चलाते वक्त बिजली के तारों का भी ध्यान रखें।
- आतिशबाजी चलाते वक्त पास में पानी और रेत रखें ताकि समय रहते आग पर काबू पाया जा सके।
- आग लगते ही शोर मचाकर लोगों को जानकारी दें।
- पुलिस कंट्रोल रूम नंबर डायल 112 पर तत्काल सूचना दें।
- आग बुझाने के बजाए सुरक्षित स्थान से निकलने का प्रयास करें।
- दरवाजा बंद कर आग को फैलने से रोकें।