पूछताछ में आरोपी ने बताया कि महिला उससे किनारा करने लगी थी। इसके चलते महिला और उसके परिवार को जिंदा जलाकर मारने का प्लान बनाया था। 13 जनवरी की शाम आरोपी फारूक महिला के घर गया था।
रात में पीछे की दीवार में बने रोशनदान से मकान में पाइप के जरिए पेट्रोल डालकर आग लगा दी। आग से महिला और उसके दो बच्चे झुलस गए थे। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर अधजला पाइप और पेट्रोल की खाली बोतल बरामद की। आरोपी ने वारदात करना कबूल किया।
महिला ने बना ली थी दूरी
फारूक एकतरफा इश्क करता था। वह परिवार को छोड़कर जाहिदपुर में ही रहने लगा था। महिला ने फारूक के चाल चलन को देखते हुए दूरी बनानी शुरू कर दी थी। उसके बच्चों ने भी तवज्जो देना बंद कर दिया। इसके चलते फारूक ने महिला व उसके परिवार को मारने की साजिश रची।
पूछताछ में उसने कहा कि दो साल से चौकीदारी में मिलने वाला सारा पैसा वह महिला व उसके परिवार पर खर्च करता था। वह बर्बाद हो चुका था। वहीं जांच के दौरान खरखौदा इंस्पेक्टर मनीष बिष्ट और एसआई मनोज शर्मा ने महिला के मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवाई। आसपास के लोगों से पूछताछ की। इसमें फारूक का नाम सामने आया।