ऐसे उपभोक्ताओं को खाते नियमित न करने यानि पुरानी किस्त जमा न करने तक नई योजना का लाभ नहीं मिलेगा। अब सरकार इन खातों में 20-20 हजार रुपये ऋण देने की तैयारी में है, लेकिन एनपीए वाले उपभोक्ताओं को इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
नगर पालिका लाभार्थी
बिजनौर 845
नगीना 1037
नजीबाबाद 703
चांदपुर 953
शेरकोट 462
किरतपुर 628
धामपुर 431
स्योहारा 771
नहटौर 627
नूरपुर 392
अफजलगढ़ 462
हल्दौर 310
बढ़ापुर 214
सहसपुर 290
साहनपुर 255
मंडावर 262
झालू 287
जलालाबाद 141
कुल 9070
नोट : आंकड़े विभाग भवन से लिए गए हैं।
तीन महीने तक किस्त जमा न करने पर एनपीए होता है खाता
व्यापारियों, उद्यमियों, दुकानदारों को दिए जाने वाला ऋण टर्म लोन कहलाता है। इसकी मासिक किस्त तय होती है। लगातार तीन महीने की किस्त जमा न करने पर खाता एनपीए हो जाता है। एनपीए वाले खाते के नियमित न होने तक उसे किसी तरह का कोई ऋण नहीं दिया जाता है।
डूडा के परियोजना अधिकारी नरेंद्र मिश्रा के अनुसार जिन लोगों को योजना का लाभ दिया गया था, उनमें से काफी ने किस्त जमा नहीं की है। अब ऐसे लोगों को अधिक ऋण देने की योजना है। लाभ लेने के लिए पात्रों से बैंक की किस्त अदा करने के लिए कहा जा रहा है।