मेरठ। एमडी पीवीवीएनएल ईशा दुहन ने पश्चिमांचल के 14 जिलों में बिजली आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़, प्रभावी और उपभोक्ता केन्द्र बनाने के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए बिजनेस प्लान तैयार कराया है। इसमें 931.43 करोड़ की लागत से विभिन्न योजनाएं क्रियान्वित की जाएगी। इसमें उपकेंद्रों-ट्रांसफार्मरों की क्षमतावृद्धि, बिजली सुदृढ़ीकरण, ओवरहेड लाइनों का भूमिगत किए जाने, ट्रांसफार्मर अपग्रेडेशन, नए बिजलीघरों का निर्माण तथा पुराने उपकरणों का आधुनिकीकरण शामिल है।
एमडी ईशा दुहन ने शनिवार को पत्रकारों को जानकारी देते हुए बताया कि बिजनेस प्लान में नोएडा, सहारनपुर, मुरादाबाद एवं गजरौला क्षेत्र में सात नए बिजलीघरों का निर्माण प्रस्तावित किया। उपकेन्द्रों की क्षमतावृद्धि, अंडरग्राउड एवं ओवरहेड लाइनों का निर्माण आदि कार्य होंगे। 33 केवी एवं 11केवी लाइनों का सुदृढ़ीकरण, जर्जर तार, एबी केबल, पोल बदलने तथा गार्डिंग, अर्थिंग कार्य होंगे। नोएडा मे दुरयाई और शाहबेरी में नए बिजलीघरों का निर्माण होगा। इससे ट्रिपिंग और ओवरलोड से राहत मिलेगी। सहारनपुर में 33/11 केवी चिलकाना-2 उपकेंद्र का निर्माण होगा। मुरादाबाद में सीतापुरी-2 एवं ताजपुर माफी में नए उपकेन्द्र बनाकर पुराने अतिभारित उपकेंद्रों से भार हटाया जाएगा। गजरौला (अमरोहा) मे 33/11 केवी धामपुर टाउन और 33/11 केवी अहमदयार खान में उपकेन्द्र निर्माण कराया जाएगा।
एमडी ने कहा कि इन कार्यों के क्रियान्वयन से विद्युत व्यवस्था सुदृढ़ होगी किसानों, घरेलू एवं व्यवसायिक उपभोक्ताओं को निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित होगी। ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में विकास को बल मिलेगा। बिजली लाइनों एवं ट्रासफार्मरों की लोड वहन करने की क्षमता बढ़ेगी। ट्रिपिंग, फाॅल्ट जैसी समस्याओं का प्रभावी समाधान होगा। ओवरलोड एवं लो वोल्ट की समस्या का निदान होगा। नए बिजली कनेक्शन विशेषकर गावों में देना आसान होगा।