उलमा की अपील, सड़क पर नमाज न पढ़ें, नियमों का सम्मान करें
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। ईद-उल-जुहा पर बृहस्पतिवार को जिले में 173 ईदगाहों और 515 मस्जिदों में नमाज होगी। इसके लिए तैयारियां हो गई हैं। शहर काजी जैनुस सालिकीन सिद्दीकी ने बताया कि शाही ईदगाह में बकरीद की सिर्फ एक ही नमाज (जमात) अदा की जाएगी। शहर काजी ने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों से यह भी अनुरोध किया है कि जब तक ईदगाह परिसर पूरी तरह से भर न जाए तब तक आने वाले नमाजियों को रोका न जाए ताकि व्यवस्था सुचारू रूप से चलती रहे।
नायब शहर काजी जैनुर राशिदीन सिद्दीकी ने समुदाय के लोगों से अपील की है कि वे सरकारी नियमों और देश के कानून का सम्मान करते हुए ही त्योहार मनाएं। सड़क पर नमाज न पढ़ें। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि गोवंश और ऊंट की कुर्बानी पर कानूनी रोक है इसलिए सभी लोग नियमों का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करें।
कुर्बानी के कुछ जरूरी नियम
मौलाना मशहूदुर्रहमान शाहीन जमाली चतुर्वेदी ने कहा कि शरिया के तहत कुर्बानी को लेकर कुछ जरूरी नियम तय हैं। इस्लाम में कुर्बानी हर उस स्थानीय (मुकीम) मुस्लिम पर अनिवार्य है जिसकी आर्थिक स्थिति ठीक हो और जिसके पास साढ़े 52 तोले चांदी, या उसके बराबर की नकदी या व्यापारिक सामान हो। जानवरों की उम्र को लेकर बताया गया है कि बकरा, बकरी, भेड़ या दुंबा कम से कम एक वर्ष का होना चाहिए जबकि भैंस की उम्र न्यूनतम दो वर्ष होनी चाहिए, जिसमें अधिकतम सात लोग हिस्सेदार बन सकते हैं। इसके साथ ही बीमार, शारीरिक रूप से अक्षम, बिना कान या दांत वाले और अत्यधिक कमजोर जानवरों की कुर्बानी पूरी तरह वर्जित की गई है।
खूब हुई खरीदारी
ईद-उल-जुहा पर कुर्बानी के लिए बकरों और भैंसों की बुधवार को भी खूब खरीदारी हुई। कमेला कॉलोनी पशु मंडी में पैठ लगी। पशु व्यापारी कय्यूम ने बताया कि पिछले करीब 15 दिन से खूब खरीदारी हो रही है। आखिरी दिन भी लोगों ने काफी संख्या में बकरे और भैंस खरीदीं। इस बार पिछले साल के मुकाबले काफी महंगाई है।
बाजार रहा गुलजार
बकरीद की तैयारियों के मद्देनजर बुधवार रात तक खूब खरीदारी हुई। देर रात तक बाजार गुलजार रहे। सदर बाजार, घंटाघर, हापुड़ अड्डा स्थित भगत सिंह मार्केट लिसाड़ी गेट चौपला, श्यामनगर, इस्लामाबाद, कांच का पुल, जाकिर कॉलोनी और शाहपीर गेट आदि क्षेत्र के बाजारों में खूब खरीदारी की गई।