मोदीपुरम। फास्टैग व्यवस्था लागू होने के बाद से सिवाया टोल प्लाजा पर जहां अव्यवस्था बनी हुई है, वहीं यहां से गुजरने वाले वाहनों की संख्या भी कम हो रही है। फास्टैग व्यवस्था लागू होने से पहले जहां टोल प्लाजा से रोजाना 22 हजार तक वाहन गुजरते थे वहीं अब इनकी संख्या 15 से 17 हजार तक ही रह गई है। वाहन चालक फास्टैग बनवाने की बजाय टोल प्लाजा पर लग रहे जाम से बचने के लिए दूसरे रास्तों का रुख कर रहे हैं। यह असुरक्षित तो है ही साथ ही इससे राजस्व को भी हानि पहुंच रही है। बृहस्पतिवार को तो महज 11 हजार वाहन ही यहां से गुजरे।
दरअसल 15 दिसंबर को नेशनल हाईवे स्थित देशभर के टोल प्लाजा पर फास्टैग सुविधा को अनिवार्य कर दिया गया था। इसके तहत फास्टैग लगे वाहन को टोल प्लाजा पर रुकने की जरूरत नहीं है, टोल प्लाजा पर लगे सेंसर फास्टैग के जरिये ऑटोमेटिक वॉलेट से टोल शुल्क काट लेंगे। व्यवस्था लागू हुए एक महीना बीत चुका है, लेकिन सिवाया टोल प्लाजा पर अब तक यह व्यवस्था पटरी पर नहीं आई है। फास्टैग लेन पर जहां वाहन आसानी से निकल रहे हैं, वहीं कैश वाहनों की संख्या अधिक होने के कारण यहां रोजाना जाम लग रहा है। जाम के कारण वाहन चालकों की टोलकर्मियों से नोकझोंक भी होती है। पहले जहां टोल प्लाजा पर दोनों ओर 12 में से 8 लेन पर फास्टैग सुविधा शुरू की गई थी, वहीं बुधवार से यहां 10 लेन पर फास्टैग सुविधा अनिवार्य कर दी गई। वहीं दो लेन ही कैश वाले वाहनों के लिए रखी गई, लेकिन अधिकतर वाहनों पर फास्टैग न होने के कारण कैश लेन में वाहनों का दबाव और ज्यादा बढ़ गया। बुधवार को भी दिनभर जहां कैश लेन में वाहनों की लंबी लाइन लगी रही वहीं बृहस्पतिवार को भी कैश लेन दिनभर जाम से जूझती रही। टोल प्लाजा के जाम से बचने के लिए अब वाहन चालक सिवाया भराला मार्ग और कृषि विश्व विद्यालय से दौराला की तरफ जाने वाले मार्ग का रुख कर रहे हैं। पिछले एक सप्ताह में टोल प्लाजा से गुजरने वाले वाहनों की संख्या काफी घटी है। बुधवार को जहां महज 15 हजार वाहन ही टोल प्लाजा से गुजरे थे वहीं बृहस्पतिवार को महज 11 हजार वाहन यहां से निकले। जिनमें से 3 हजार वाहन बिना फास्टैग वाले थे।
फास्टैग न होने के कारण हो रही असुविधा
फास्टैग व्यवस्था लागू हुए एक महीना से ज्यादा समय हो चुका है, लेकिन अभी भी काफी वाहन चालकों ने फास्टैग नहीं बनवाया है। ऐसे में टोल प्लाजा से गुजरते वक्त कैश लेन में वाहनों का दबाव बढ़ जाता है और लंबी लाइन लग जाती है। व्यवस्था बनाने के लिए टोल प्लाजा के कर्मचारी हैंडिड मशीन का प्रयोग भी कर रहे हैं, लेकिन इसका भी ज्यादा असर नहीं पड़ रहा है। टोल प्लाजा के अधिकारियों का कहना है कि फास्टैग लेन में कोई दिक्कत नहीं है, ऐसे में असुविधा से बचने के लिए वाहन चालक फास्टैग जरूर लगवा लें।
फास्टैग से ही होगी समस्या खत्म
बिना फास्टैग वाले वाहनों के कारण ही समस्या हो रही है। फास्टैग लेन में ट्रैफिक आराम से निकल रहा है, सिर्फ कैश लेन में ही वाहनों का दबाव बढ़ने के कारण जाम लग रहा है। इसके लिए अतिरिक्त कर्मचारी लगाकर हैंडिड मशीन से टोल वसूला जा रहा है। वाहन चालक फास्टैग लगवाने की बजाय दूसरे मार्गों से निकल रहे हैं। यदि वे फास्टैग लगवा लें तो जाम की समस्या खत्म हो जाएगी। प्रदीप चौधरी, टोल प्लाजा मैनेजर
पिछले एक सप्ताह से टोल प्लाजा से गुजरे वाहन
10 जनवरी 17625
11 जनवरी 17000
12 जनवरी 18000
13 जनवरी 16000
14 जनवरी 16000
15 जनवरी 15000