मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप अध्यक्षता में आहूत की गई एसआईआर के कार्यों की समीक्षा बैठक ......
- फोटो : अमर उजाला
विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में एएसडीडी मतदाता(अनुउपस्थित, शिफ्ट, मृत्यु, डुप्लीकेट मतदाता) का सत्यापन कराया जा रहा है। दावा है कि 26.99 लाख में से 20.24 लाख मतदाता के गणना प्रपत्र को बीएलओ के माध्यम से डिजिटाइजेशन किया जा चुका हैं। शेष 6.74 लाख मतदाता की जानकारी के लिए एएसडीडी का सत्यापन चल रहा है। उनका रिकॉर्ड भी डिजिटाइजेशन कराना अनिवार्य है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा का कहना है कि एएसडीडी के सत्यापन के बाद भी किसी मतदाता का वोट नई सूची में नहीं आए तो घबराएं नहीं। जिला निर्वाचन अधिकारी के माध्यम से जिसका वोट कटा है। उसको नोटिस भेजा जाएगा। मतदाता साक्ष्य देंगे, तब भी नई सूची में नाम शामिल हो जाएगा। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने विशेष गहन पुनरीक्षण की समीक्षा में मैपिंग का कार्य धीमा होना बताया। हालांकि एसआईआर अभियान के बाद भी मैपिंग का कार्य बीएलओ द्वारा जारी रहेगा। वोट किसी भी मतदाता की न कटे और न डुप्लीकेट बने, इस पर ज्यादा फोकस किया है। इसके लिए एएसडीडी के सत्यापन पर विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। कहा है कि 26 दिसंबर तक सत्यापन पूरा कर लें। मेरठ में 26.99 लाख में से 20.24 लाख मतदाताओं के गणना प्रपत्र जमा हुए हैं। 6.74 लाख मतदाता के लिए एएसडीडी का सत्यापन कराया जा रहा है। जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा नए वोट बनाने के लिए फॉर्म-6 भरवाने का कार्य शुरू करा दिया है। नए मतदाता बनाने के लिए प्रत्येक जनपद में बीएलओ को लगाया गया है।