फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

तलाक का जश्न: मेजर पति सदमे में, पत्नी बोली-सात साल प्रताड़ना झेली-दर्द सहा, अब खुद के लिए जीने का फैसला

Thu, 09 Apr 2026 07:29 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

मेरठ की प्रणिता शर्मा और आर्मी के मेजर गौरव अग्निहोत्री के तलाक के बाद जश्न मनाने का वीडियो वायरल हो गया है। मेजर के परिवार ने कोर्ट में हुए समझौते के उल्लंघन का आरोप लगाया, जबकि प्रणिता ने सात साल की प्रताड़ना का दावा किया।

विज्ञापन
तलाक के बाद जश्न - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सोशल मीडिया पर इन दिनों एक तलाक और उसके बाद जश्न मनाने का वीडियो चर्चा का विषय बना हुआ है। यह मामला मेरठ की रहने वाली प्रणीता शर्मा और भारतीय सेना में तैनात गौरव अग्निहोत्री से जुड़ा है।

विज्ञापन


दोनों की शादी 14 दिसंबर 2018 को हुई थी। करीब सात साल साथ रहने के बाद 4 अप्रैल 2026 को अदालत में दोनों का तलाक हो गया। तलाक के बाद प्रणिता का ढोल की थाप पर नाचते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसके बाद यह मामला सुर्खियों में आ गया।

यह भी पढ़ें: UP: मेरठ में एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह और एएसपी अंतरिक्ष जैन के तबादले, इन्हें मिली SP सिटी की जिम्मेदारी

विज्ञापन

बेटी के तलाक पर पिता का जश्न - फोटो : अमर उजाला
मेजर गौरव अग्निहोत्री इस समय जालंधर कैटोनमेंट में तैनात हैं। मेजर के पिता रिटायर्ड सूबेदार श्याम किशोर अग्निहोत्री ने आरोप लगाया कि कोर्ट में दोनों पक्षों के बीच एक समझौता हुआ था कि कोई भी पक्ष एक-दूसरे की छवि खराब नहीं करेगा। उनका कहना है कि तलाक के बाद जश्न मनाने और मीडिया में बयान देने से इस समझौते का उल्लंघन हुआ है।

परिवार का यह भी कहना है कि इस पूरे घटनाक्रम से उनका बेटा गहरे सदमे में है। उन्होंने आरोप लगाया कि पोते का मुंडन भी बिना जानकारी दिए कर दिया गया, जिससे विवाद और बढ़ गया। मेजर की मां अनिता अग्निहोत्री ने भी मायके पक्ष पर परिवार तोड़ने का आरोप लगाया।

तलाक के बाद जश्न - फोटो : अमर उजाला
वहीं दूसरी ओर प्रणिता के पिता और सेवानिवृत्त जज ज्ञानेंद्र कुमार शर्मा ने इन आरोपों का खंडन किया। उनका कहना है कि उनकी बेटी ने सात साल तक मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना झेली और जब हालात नहीं सुधरे तो उसने कानूनी रास्ता अपनाया।


विज्ञापन

बेटी के तलाक पर पिता का जश्न - फोटो : अमर उजाला
प्रणिता शर्मा का कहना है कि महिलाएं किसी भी प्रकार की प्रताड़ना को चुपचाप सहने के बजाय अपने अधिकारों के लिए खड़ी हों। उन्होंने कहा कि सात साल तक दर्द सहने के बाद अब उन्होंने अपने लिए जीने का फैसला किया है। बताया जा रहा है कि प्रणिता मेरठ में एक ज्यूडिशियल अकादमी से भी जुड़ी हुई हैं।

यह मामला सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में है और लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें