इसके अलावा 25 केवीए के 154 वितरण ट्रांसफार्मर, 63 केवीए के 70 और 100 केवीए के 25 वितरण ट्रांसफार्मर स्थापित किए जाएंगे। गाजियाबाद की एक कंपनी को ठेका दिया गया है। तीन चरणों में कृषि फीडर बनाए जाने हैं। विद्युत पोल, नए ट्रांसफार्मर सहित अन्य कार्य भी होने हैं। उन क्षेत्रों को भी चिह्नित किया गया है, जहां विद्युत लाइन नहीं है। शहर क्षेत्र में ही गगोल रोड स्थित कांशी क्षेत्र, मोहिउद्दीनपुर सहित कई ऐसे गांव हैं, जहां विद्युत लाइन नहीं है।
बिजली चोरी पर लगेगी लगाम
मेरठ में विकासपुरी, श्यामनगर, हापुड़ रोड, पीएल शर्मा अस्पताल, रिठानी रोड, प्रह्लाद नगर, भूसा मंडी, भूमिया का पुल, घंटाघर क्षेत्र में सबसे अधिक बिजली चोरी हो रही है। अधिकारियों की ओर से इन क्षेत्रों को चिह्नित किया गया है। इन क्षेत्रों में भी जर्जर तारों को बदला जाएगा। नई केबल डाली जाएगी।
मेरठ जोन में 344 करोड़ रुपये के कार्य रीवेम्प स्कीम से किए जाने हैं। इसके लिए कंपनी को टेंडर दे दिया गया है। दो वर्षों में यह कार्य पूरा किया जाना है।- राजेंद्र बहादुर, अधीक्षण अभियंता, शहर