फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

उप गन्ना आयुक्त करेंगे गन्ना समिति के भ्रष्टाचार की जांच

विज्ञापन
विज्ञापन
किसानों को उनकी साख से आठ गुना ज्यादा ऋण बांटने का मामला
विज्ञापन

मेरठ। मोहिउद्दीनपुर गन्ना विकास समिति में किसानों को उनकी साख से आठ गुना ज्यादा ऋण बांटकर करीब एक करोड़ रुपये की बंदरबांट करने के मामले में विभागीय अधिकारी घिरते जा रहे हैं। मामले को कई साल से लटकाकर रखने वालों पर अब गाज गिरती नजर आ रही है। गन्ना आयुक्त ने उप गन्ना आयुक्त और जिला गन्ना अधिकारी को जांच सौंपी है।
विज्ञापन

मोहिउद्दीनपुर गन्ना विकास समिति के वर्ष 2014-15 का ऑडिट में बड़ा भ्रष्टाचार का मामला पकड़ में आया था। समिति अधिकारियों और कर्मियों ने मिलकर किसानों को उनकी निर्धारित साख 11.92 लाख के सापेक्ष 88.39 लाख का ऋण बांट दिया था। ऑडिटर द्वारा भ्रष्टाचार की सूचना देने के बाद भी न तो गन्ना विभाग ने कार्रवाई की और न ही जिला लेखा परीक्षा अधिकारी ने मामले का संज्ञान लिया। 2 जुलाई को अमर उजाला माई सिटी ने ‘साख से आठ गुना बांट दिया ऋण’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की तो विभाग में हड़कंप मच गया था। दो साल से ऑडिट रिपोर्ट दबाये बैठे जिला लेखा परीक्षा विभाग ने भी जांच रिपोर्ट जिला गन्ना अधिकारी डॉ. दुष्यंत कुमार को सौंप दी थी। जिला गन्ना अधिकारी ने मामले की जांच के लिए कमेटी गठित कर दी थी। लेकिन जांच में कोई प्रगति नहीं होने पर आरटीआई एक्टिविस्ट डॉ. संदीप पहल ने राज्य सूचना अधिकारी/गन्ना आयुक्त से आरटीआई के तहत जानकारी मांगी थी। गन्ना आयुक्त संजय आर भूसरेड्डी ने जानकारी देने के साथ ही जांच कमेटी गठित कर दी। कमेटी में उप गन्ना आयुक्त मेरठ परिक्षेत्र राजेश मिश्र और जिला गन्ना अधिकारी डॉ. दुष्यंत कुमार को रखा गया है। उप गन्ना आयुक्त राजेश मिश्र ने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी है। रिपोर्ट लखनऊ भेजी जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें