नुसरत जहां
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नुसरत जहां के दुर्गा पूजा करने को लेकर सोमवार को इत्तेहाद उलमा-ए-हिंद के उपाध्यक्ष मौलाना मुफ़्ती असद कासमी ने कहा कि नुसरत जहां क्यों गैर मजहबी काम कर रही हैं।
इस्लाम में अल्लाह के सिवा किसी और की इबादत करना हराम है। अगर नुसरत जहां को गैर मजहबी काम करने हैं तो क्यों न वे अपना नाम बदल लें, इस तरह के अमल करने से वह इस्लाम और मुसलमानों की तौहीन कर रही हैं।