सरधना। ब्रह्मा बूढ़ा बाबा समिति ने नगर पालिका ईओ को सरकारी रिकॉर्ड में मेले का नाम बूढ़ा बाबा द
सरधना। नगर में लगने वाले ऐतिहासिक मेले का नाम बूढ़ा बाबा करने की मांग एक बार फिर जोर पकड़ने लगी है। शुक्रवार को ब्रह्मा बूढ़ा बाबा समिति के सदस्यों ने नगर पालिका पहुंचकर अधिशासी अधिकारी दीपिका शुक्ला को ज्ञापन सौंपा और सरकारी रिकॉर्ड में मेले का नाम बूढ़ा बाबा दर्ज करने की मांग की।
सरधना में हर वर्ष जून माह में नगर पालिका की देखरेख में इस ऐतिहासिक मेले का आयोजन होता है। मेले का शुभारंभ बूढ़ा बाबा मोहल्ला स्थित ब्रह्माजी के मंदिर में पूजा-अर्चना के साथ किया जाता है। समिति के सदस्यों का कहना है कि वर्षों पहले मेले का नाम बूढ़ा बाबा था, लेकिन धीरे-धीरे इसे बदलकर बूढ़ा बाबू के नाम से प्रचारित किया जाने लगा। इस बदलाव को लेकर पहले भी कई बार विवाद हो चुका है। जून में लगे मेले के दौरान भी नाम को लेकर हंगामा खड़ा हो गया था, जिसे प्रशासन ने कड़ी मशक्कत के बाद शांत कराया था। समिति के लोगों का आरोप है कि जानबूझकर मेले के नाम में बदलाव कर जनभावनाओं को आहत किया जा रहा है और सनातन संस्कृति का अपमान किया जा रहा है। उन्होंने मांग की कि मेले का वास्तविक नाम शुद्ध कर सरकारी अभिलेखों में बूढ़ा बाबा ही दर्ज किया जाए। ज्ञापन देने वालों में समिति के अध्यक्ष वीरेंद्र चौधरी, महामंत्री ललित गाता, ब्रजमोहन गुप्ता, सुनील जैन आदि शामिल रहे।