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बेखौफ मनचले: सात वारदातें जब बेटियों से सरेआम हुआ दुर्व्यवहार, हवा हो रहे अफसरों के दावे

Sat, 23 Mar 2019 01:57 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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यूपी के मेरठ में किठौर की कन्या पाठशाला में छात्रा से सरेआम छेड़छाड़ और उठाने की धमकी कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी बेखौफ मनचले छात्राओं और किशोरियों को सरेआम खींचते रहे हैं। बेटियां न घर में सुरक्षित हैं और न ही स्कूल, कॉलेजों में। घर में घुसकर छेड़छाड़ होती है तो पुलिस उसे पड़ोस का विवाद बता देती है। आगे देखें शहर और देहात में कब कब इन मनचलों की छेड़छाड़् ने ले ली मासूम बेटियों की जान: -

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भावनपुर प्रकरण
भावनपुर थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी 14 वर्षीय छात्रा का आरोप था कि चार युवकों ने से सामूहिक दुष्कर्म कर उसकी वीडियो बना ली। बाद में आरोपी छात्रा को परेशान करने लगे। मामले में थाना पुलिस ने कोई सुनवाई नहीं की। 6 जनवरी 2018 को छात्रा स्कूल से घर जा रही थी। इस दौरान आरोपियों ने छात्रा से अश्लील हरकत की। इसके बाद छात्रा ने घर पहुंचकर केरोसिन डालकर आग लगा ली। पांच दिन बाद मेडिकल में छात्रा की मौत हो गई थी। इसके बाद पुलिस जागी और चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा। मामला लखनऊ तक पहुंचा तो एसओ भावनपुर पर भी गाज गिरी।
 

सरधना की वारदात 
सरधना की वारदात तो इतनी दुस्साहसिक और सनसनीखेज थी कि सुनकर रोंगटे खड़े हो जाएं। 17 अगस्त 2018 को मनचलों ने घर में घुसकर छात्रा के अपहरण का प्रयास किया। विरोध करने पर केरोसिन डालकर छात्रा को आग लगा दी। चार सितंबर को छात्रा की दिल्ली के अस्पताल में मौत हो गई थी। घटना के आक्रोश में सामाजिक संगठन और सैकड़ों लोग सड़क पर उतर आए थे। एसएसपी ऑफिस पर धरना देने वाले व्यापारी नेता को अफसरों ने गिरफ्तार कर जेल तक भेज दिया था। 

खरखौदा प्रकरण
खरखौदा क्षेत्र निवासी किशोरी को मनचले परेशान करते थे। आरोपी कभी अपहरण की तो कभी तेजाब डालने की धमकी देते थे। 27 अगस्त 2018 को किशोरी ने मनचलों से परेशान होकर जहरीला पदार्थ खा लिया। एक सितंबर को एक निजी अस्पताल में उसकी मौत हो गई। पुलिस ने आनन-फानन में दो आरोपियों को छेड़छाड़ में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

मेडिकल में अपहरण
मेडिकल क्षेत्र में शोहदों ने बेटी का अपहरण कर लिया था। बरामदगी के बाद आरोपियों ने मुकदमा वापस न लेने पर उसे बदनाम करने की धमकी दी। पांच सितंबर 2018 को छात्रा के पिता ने दबाव में आकर जान दे दी। आरोपी छात्रा को बदनाम करने की धमकी दे रहे थे।

स्कूटी सवार छात्रा को खेत में खींचा
सितंबर 2017 में रोहटा क्षेत्र के एक गांव निवासी छात्रा कंकरखेड़ा से ट्यूशन पढ़कर घर जा रही थी। स्कूटी सवार दो छात्रों ने छात्रा को खेत में खींच लिया और दुष्कर्म का प्रयास किया। मारपीट में छात्रा को गंभीर चोट लगी।

इस मामले में रालोद नेेताओं ने लगातार थाने पर धरना दिया। इसी तरह10 सितंबर 2018 को को फाजलपुर में छात्रा का सिर फोड़ दिया गया। अस्पताल में भी मनचलों ने छात्रा को सरेआम घसीटा और मारपीट की। बाद में एसएसपी ने संज्ञान लिया।
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अराजकता का वीडियो वायरल, चुनावी माहौल में बड़ी चुनौती  
किठौर की कन्या पाठशाला में छात्रा का बनाया गया वीडियो साफ दर्शा रहा है कि किस तरह से वहशी युवक वीडियो वायरल करने की धमकी देकर बच्चियों का शोषण करते हैं। छात्राओं के शोषण के ऐसे मामले पुलिस अधिकारियों के पास अक्सर आते हैं। इनमें मुकदमे भी दर्ज होते हैं, लेकिन कार्रवाई का पता नहीं चलता।

इस वायरल वीडियो ने दरिंदों की पोल खोलते हुए चुनावी माहौल में पुलिस के सामने चुनौती खड़ी कर दी है। छेड़खानी को लेकर प्रदेश सरकार पहले से गंभीर है, लेकिन पुलिस नहीं दिखाई देती। पुलिस के लचर रवैये से आरोपियों के हौसले बुलंद हैं। 

आरोपी सामने फिर भी खामोश खाकी 
वीडियो में आरोपियों के चेहरे साफ नजर आ रहे हैं। इसके बावजूद पुलिस खामोश है। शहर में बढ़ती अराजकता पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठा रही है। वीडियो वायरल के 24 घंटे बाद भी पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी क्यों नहीं कर पाई। यह वीडियो जनपद में तेजी से वायरल हो रहा है। इससे लोगों में आक्रोश बढ़ रहा है। 

देहात में भड़क न जाए गुस्सा 
पुलिस की लापरवाही के चलते देहात में लोगों का गुस्सा फूट सकता है। जिस तरह छात्रा से गुंडागर्दी का वीडियो वायरल हुआ है, इससे साफ जाहिर है कि तनाव की स्थिति बन सकती है। खुफिया विभाग भी इस मामले को लेकर अलर्ट हो गया है। देर रात खुफिया विभाग ने इसकी रिपोर्ट शासन को भेज दी।
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