मंगल पांडेय नगर स्थित एक्सिस बैंक की करेंसी चेस्ट से मिले 4.63 लाख रुपये के नकली नोटों की जांच में अब तीन प्रदेशों की 186 बैंक शाखाएं पुलिस के रडार पर हैं। पुलिस ने बैंक प्रबंधक की ओर से सौंपी गई शाखाओं की सूची की पड़ताल शुरू कर दी है।
सूची के अनुसार, हरियाणा, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश की शाखाओं से नकली करेंसी मेरठ की करेंसी चेस्ट तक पहुंची है। इनमें सहारनपुर, बिजनौर, मुजफ्फरनगर, हापुड़, बुलंदशहर, गाजियाबाद, मुरादाबाद, रुड़की, काशीपुर, हरिद्वार, हल्द्वानी, देहरादून, सोनीपत, पानीपत और अंबाला समेत कई शहर शामिल हैं।
हरियाणा के हिसार निवासी और मेडिकल थाना क्षेत्र की मंगल पांडेय नगर स्थित एक्सिस बैंक शाखा के प्रबंधक सरताज सिंह ने 16 सितंबर को एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति को शिकायत दी थी। इसके बाद बुधवार को नकली नोट मिलने के मामले में सिविल लाइन थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई।
बैंक प्रबंधक के अनुसार, बैंक की करेंसी चेस्ट से 186 एक्सिस बैंक शाखाएं जुड़ी हुई हैं। इन शाखाओं में जमा होने वाली रकम इसी करेंसी चेस्ट में जमा की जाती है। बैंक में 1 दिसंबर 2024 से 31 दिसंबर 2025 तक प्राप्त नोटों की जांच की गई। इसमें 4.63 लाख रुपये के कुल 1323 नकली नोट मिले। इनमें 500, 200, 100 और 50 रुपये के नोट शामिल हैं।
पुलिस टीम शुक्रवार को मंगल पांडेय नगर स्थित एक्सिस बैंक शाखा पहुंची और नकली नोटों के चेस्ट तक पहुंचने की प्रक्रिया की जानकारी हासिल की। शनिवार को पुलिस ने बैंक प्रबंधक की ओर से सौंपी गई 186 बैंक शाखाओं की सूची की भी पड़ताल शुरू की। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि नकली नोट किन-किन शाखाओं और शहरों से होते हुए मेरठ की करेंसी चेस्ट तक पहुंचे।
पुराने मामलों को भी खंगाल रही पुलिस
मेरठ में नकली नोट से जुड़े पहले भी कई मामले दर्ज हो चुके हैं। सिविल लाइन थाने को इसकी जांच के लिए नोडल थाना बनाया गया है। इसके चलते पूर्व में भी नकली करेंसी से जुड़े मामले यहीं दर्ज किए गए थे। हालांकि बाद में इन मामलों की जांच क्राइम ब्रांच और एटीएस ने भी की थी। इसी वजह से पुलिस पुराने मामलों की भी पड़ताल कर रही है।
सहारनपुर में 17.29 करोड़ के नकली नोट मामले की जांच भी कर रही एनआईए
सहारनपुर के पंजाब नेशनल बैंक की करेंसी चेस्ट से 17.29 करोड़ रुपये के नकली नोट मिलने के मामले की जांच एनआईए कर रही है। पुलिस को आशंका है कि मेरठ के एक्सिस बैंक की करेंसी चेस्ट में नकली नोट पहुंचने के मामले की जांच भी एनआईए या एटीएस को सौंपी जा सकती है।
एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया कि नकली करेंसी मामले की गहनता से जांच की जा रही है। प्रबंधक की ओर से सौंपी गई सूची का अवलोकन किया जा रहा है। नोट किन-किन शहरों और प्रदेशों से आए हैं, इसकी पड़ताल की जा रही है।