मेरठ। नगर निगम में भाजपा पार्षद भी दो फाड़ हो गए हैं। भाजपा पार्षदों के एक खेमे ने नगर निगम के सुधार के लिए डीएम पर भरोसा जताया है, वहीं दूसरे खेमे ने नगरायुक्त से मिलकर पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। पार्षदों ने नगरायुक्त को शीघ्र ही बोर्ड बैठक करने और शहर के विकास पर चर्चा कराने की मांग की।
नगर निगम में भाजपा के 36 पार्षद जीतकर आए, हालांकि अब इनकी संख्या 42 बताई जाती है। इनमें से राजेश रुहेला, पंकज गोयल सहित 23 पार्षद एक खेमे में हैं, जबकि दूसरे खेमे में विपिन जिंदल, ललित नागदेव सहित अन्य हैं। ललित नागदेव कुछ पार्षदों को साथ लेकर दो दिन पहले ही डीएम से मिले थे। उन्होंने नगर निगम व्यवस्था पटरी से उतरने की बात कही थी। शनिवार को राजेश रुहेला सहित अन्य पार्षद नगरायुक्त अरविंद कुमार चौरसिया से मिलने कैंप कार्यालय पहुंचे। लगभग दो घंटे तक चली बैठक में पार्षदों ने नगरायुक्त को साथ देने का आश्वासन दिया। पार्षद राजेश रुहेला ने कहा कि कुछ लोग अपने हित के लिए बोर्ड बैठक में भी अलग रास्ते पर चले जाते हैं। जिससे शहर का विकास प्रभावित हो रहा है। वे शहर के विकास के लिए नगरायुक्त के साथ हैं। पार्षदों ने कहा कि शीघ्र बैठक बुलाई जाए, ताकि एकजुटता के साथ बिगड़ी व्यवस्था को सुधारा जा सके। राजेश रुहेला ने कहा कि हम 23 भाजपा पार्षद एक साथ हैं। शहर का विकास ठप पड़ा है, जिससे सरकार की बदनामी हो रही है।
बदलता नजर आ रहा माहौल
नगरायुक्त और पार्षदों के बीच हुई वार्ता से निगम का माहौल बदलता नजर आ रहा है। नगरायुक्त ने भी एक सप्ताह में बोर्ड बैठक कराने का आश्वासन दिया। साथ ही निगम के प्रत्येक वार्ड में पांच-पांच लाख रुपये पुलिया आदि छोटे कार्य के लिए देने का आश्वासन दिया। नगरायुक्त ने कहा कि पार्षदों की सहमति से ही विकास कार्य कराए जाएंगे। इस दौरान पार्षद मनीष पंवार, संजय सैनी, विजय सोनकर, सीमर चौहान, लोकेश चौहान, विक्रांत ढाका, गुलवीर सिंह, अशोक शर्मा, नरेंद्र राष्ट्रवादी, अजय भारती, मनमोहन जौहरी, राजेश खन्ना, शौकत अली, सतेंद्र गुप्ता, हेतराम शाक्य आदि मौजूद रहे।