कोविड सेंटर बनवा दिए, ऑक्सीजन है नहीं
जिला महिला अस्पताल में 20 बेड गिनती में तो हैं लेकिन ऑक्सीजन की व्यवस्था नहीं है। जिला अस्पताल में भी कोविड के मरीजों को भर्ती नहीं किया जा रहा है। वैसे 30 बेड हैं। अस्पताल के प्रमुख अधीक्षक हीरा सिंह का कहना है कि प्रशासन ने अभी कोरोना के गंभीर मरीजों को भर्ती करने से मना किया है। इसके अलावा कई और निजी अस्पतालों में भी अभी कोविड-19 शुरू नहीं हो पाए हैं।
'भर्ती हो जाएगा पर ऑक्सीजन नहीं है'
शनिवार को बरेली के एक मरीज को मेरठ तक किसी अस्पताल में बेड नहीं मिला। एक निजी अस्पताल में बेड मिला, मगर उनका कहना था कि अगर ऑक्सीजन की ज्यादा जरूरत होगी तो व्यवस्था नहीं है। आखिरकार उसी अस्पताल में उसको भर्ती कराना पड़ा। उधर, कोविड कमांड सेंटर प्रभारी डॉ. सुधीर ने बताया कि एक मरीज के लिए उन्होंने आठ अस्पतालों में बात की, मगर किसी में भी बेड खाली नहीं मिला।
यह भी जानिए
- कोविड अस्पतालों में 1278 बेड पर ऑक्सीजन सिलिंडर, 1027 बेड ऑक्सीजन पाइप लाइन से जुड़े
- मेडिकल में ऑक्सीजन की मांग 12 टन हुई, पहले 150 सिलिंडर लग रहे थे, अब 400 की जरूरत
- 22190.15 घन मीटर ऑक्सीजन की जरूरत के मुकाबले19455 घन मीटर ऑक्सीजन ही उपलब्ध