60 हजार श्रमिक बेरोजगार
स्पोर्ट्स गुड्स के लिए मशहूर मेरठ में 60 हजार श्रमिकों के पास कोई काम नहीं है। तीन महीने से स्टेडियम बंद होने से खेल गतिविधियां बंद हैं। नतीजन स्पोर्ट्स गुड्स के कारखाने भी बंद हैं। इस बात को प्रियंका गांधी ने अपनी फेसबुक वॉल पर लिखा है। इसके अलावा उन्होंने बनारस के सिल्क उद्योग, आगरा के चमड़ा उद्योग की परेशानियों को भी उठाया है।
वहीं, प्रियंका ने लिखा कि ‘एक जिला एक उत्पाद’ के तहत हस्तशिल्प को बढ़ावा देने और रोजगार देने की बात कही जा रही है। मगर इस योजना का कुल बजट ही 100 करोड़ रुपये का है, जिसका बड़ा हिस्सा प्रचार पर ही खर्च हो जाता है।
मनरेगा पर उठाए सवाल
मनरेगा के तहत महज 100 दिन रोजगार देने की व्यवस्था है। उसमें भी मजदूरी बहुत देर से मिल रही है। ऐसी स्थिति में कोरोना काल में कैसे मजदूरों के घर में नियमित चूल्हा जलेगा। प्रियंका ने कहा कि खबरों के मुताबिक, जगह-जगह मनरेगा में अपात्रों के फर्जी जॉब कार्ड बनाने का काम जोरों पर है। केवल प्रचार, फोटो सेशन व आंकड़े दिखाने के लिए मनरेगा का नाम लेकर झूठे दावे किए जा रहे हैं।