सीएमओ अशोक कटारिया टूट डस्टबिन देख सीएचसी प्रभारी डॉ० अमर सिंह से नाराजगी जाहिर करते हुए। (परीक
परीक्षितगढ़। कोरोना के बढ़ रहे मरीजों ने सरकार को चिंतित कर दिया है। सरकार ने स्वास्थ्य विभाग को स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर व कोरोना संंक्रमण को देखते हुए सीएचसी, पीएचसी पर वार्ड तैयार कर संदिग्ध मरीजों की जांच कर भर्ती करने के आदेश दिए हुए हैं। जिलाधिकारी के आदेश पर बुधवार को सीएमओ सीएचसी पर पहुंचे और निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अनेक खामियां मिलने पर सीएचसी प्रभारी डॉ. अमर सिंह से नाराजगी जाहिर करते हुए एक माह बाद दोबारा निरीक्षण करने की बात कही।
बुधवार को सीएमओ अशोक कटारिया निरीक्षण के दौरान इमरजेंसी कक्ष में पहुंचे तो बेड खाली मिले। मरीजों को भर्ती करने वाला रजिस्टर चेक किया तो पिछले एक सप्ताह से मरीज भर्ती नहीं किया गया था। भर्ती किए जाने वाले मरीजों के नाम की फाइल का रखरखाव सही नहीं मिला। प्रसव कक्ष वार्ड में भी बेड खाली मिले। स्टाफ नर्स अनुग्रह ने बताया कि तीन दिन पूर्व डिलीवरी हुई थी।
पर्याप्त स्टाफ होने के बावजूद कम डिलीवरी होने पर सीएचसी प्रभारी संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए, इस पर नाराजगी जाहिर की। चिकित्सकों के कक्ष में पानी की टोंटी मिली, वहीं हाथ धोने के लिए साबुन नहीं मिली। आयुष्मान के तहत रजिस्टर में मरीजों के नाम की कम एंट्री पाई गई। इस दौरान मरीज राजपाल ने सीएमओ से चिकित्सक द्वारा पर्चे पर लिखी गई पूरी दवा नहीं देने की शिकायत की। सीएमओ ने सीएचसी प्रभारी को मरीजों से अच्छे तरह से बर्ताव व संपूर्ण दवाई देने के निर्देश दिए।
दूसरी मंजिल पर बने हेट वेव वार्ड में बेड पर चादर नहीं मिली। शौचालय गंदगी से अटे हुए थे तथा दीवारों पर लगी टाइल्स उखड़ी हुई थी। औषधि भंडार के बराबर में बने शौचालयों में गंदगी फैली हुई थी। सबमर्सिबल कक्ष में गंदगी का अंबार लगा था। बाहर रखे डस्टबिन टूटे हुए थे। सीएमओ ने औषधि भंडार, कोल्ड चेन, ओपीडी आदि का भी निरीक्षण किया।