एनजीटी के आदेश को देखते हुए दस साल या इससे अधिक पुराने डीजल चलित ऑटो/टेंपो के खिलाफ शनिवार को ट्रैफिक पुलिस ने अभियान चलाया। इस दौरान दिल्ली रोड पर 55 ऑटो की जांच की गई, जिनमें 11 ऑटो को सीज किया गया।
शहर में अवैध ऑटो/टेंपो से जाम लगता है। शहर में 10 ही नहीं बीस साल पुराने डीजल से चलने वाले ऑटो और टेंपो बेलगाम होकर दौड़ रहे हैं। ट्रैफिक पुलिस के अनुसार एनजीटी के आदेश के तहत दस साल से अधिक पुराने डीजल वाहनों को अवैध की सूची में रखा गया है। एसपी ट्रैफिक संजीव बाजपेई, टीआई सुनील कुमार, टीएसआई डीडी दीक्षित शनिवार दोपहर जीरो माइल और बेगमपुल पर पहुंचे। इस दौरान ट्रैफिक पुलिस ने ऑटो की जांच पड़ताल की। दिल्ली रोड पर ट्रैफिक पुलिस की दो टीमों ने अलग-अलग स्थानों पर अभियान चलाया। एसपी ट्रैफिक ने बताया कि अभियान के तहत 55 ऑटो के कागजात चेक किए गए। इस दौरान 11 ऑटो दस साल से अधिक पुराने निकले, जो डीजल के थे। ऐसे ऑटो को ट्रैफिक पुलिस ने सीज कर पुलिस लाइन में भेज दिया। इनमें एक ऑटो तो वर्ष 1999 का था। एक जीप और एक पिकअप गाड़ी पर भी कार्रवाई की गई है।
जाम का भी बनते हैं कारण
शहर में अवैध रूप से दौड़ रहे ऑटो और टेंपो से जीरो माइल, बेगमपुल, लालकुर्ती, कमिश्नरी आवास चौराहा, विवि रोड, तेजगढ़ी चौराहा, हापुड़ रोड, हापुड़ अड्डा, दिल्ली रोड, बागपत रोड और भूमिया पुल पर जाम लगता है। डीजल से चलने वाले अधिकांश ऑटो खटारा हो चुके हैं। जिनसे प्रदूषण बढ़ने के साथ ही हादसे होने का भी डर रहता है। शहर में अवैध ऑटो से कई स्थानों पर जाम की समस्या बनी रहती है।
आरसी नहीं तो भी होंगे सीज
एसपी ट्रैफिक का कहना है कि जो भी ऑटो दस साल या उससे अधिक पुराना है। ऐसे चालक पकड़े जाने के डर से ऑटो की आरसी साथ नहीं रखते। आरसी मांगने पर सिर्फ डीएल दिखा देते हैं। यदि कार्रवाई भी होगी तो चालान काट दिया जाएगा। ऐसे में ट्रैफिक पुलिस को ऐसे अवैध ऑटो को सीज करने के निर्देश दिए गए हैं।