शहर में बढ़ते अपराधों के मद्देनजर शहर के 15 प्वाइंटों पर 34 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। जल्द ही इन कैमरों को वायरलेस की तर्ज पर आईटी कंट्रोल रूम से जोड़ा जाएगा। शहर में जब भी लूट, हत्या, डकैती और अपहरण की वारदातें होती हैं तो बदमाश शहर के बाहरी मार्गाें से होते हुए फरार हो जाते हैं। ऐसे में बदमाशों को पकड़ने में पुलिस को काफी परेशानी होती है। ऐसे में पुलिस ने अब शहर के बाहरी मार्गों पर अच्छी क्वालिटी के 34 कैमरे लगाए हैं। हालांकि शहर के अंदर अलग अलग स्थानों पर भी कैमरे लगे हैं।
120 मीटर की है रेंज
प्रत्येक कैमरे की रेंज सौ से 120 मीटर तक की है। गुणवत्ता को देखते हुए हाई एमपी (मेगा पिक्सल) के कैमरे लगाए गए हैं। जिससे कार या अन्य वाहनों के नंबर और नाम साफ दिखाई देंगे। साथ ही आने जाने वाले लोगों का चेहरा भी पहचाना जा सकेगा।
वायरलेस सेट की तर्ज पर करेंगे काम
सभी कैमरों के लिए कोई लाइन या तार नहीं है। इन्हें वायरलेस सिस्टम की तरह आईटी कंट्रोल रूम से जोड़ा जाएगा। पुलिस लाइन में एक कंट्रोल रूम बनाया जाएगा। एसपी सिटी के अलावा एसएसपी, डीआईजी रेंज और आईजी जोन दूसरों जिलों से भी अपने लैपटॉप में इंटरनेट के माध्यम से कैमरों की तस्वीर देख सकेंगे।
सेक्टरों में बांटकर ड्रोन से होंगे कनेक्ट
शहर के क्षेत्र को सेक्टरों में बांटा जाएगा। यदि बेगमपुल पर कोई घटना होती है और बदमाश दिल्ली रोड की तरफ भागेे तो दिल्ली रोड वाले सेक्टर को ड्रोन से कनेक्ट किया जाएगा। दस लाख कीमत का नया ड्रोन कैमरा एक किमी ऊंचाई तक उड़ सकता है और 21 सौ मीटर दूर तक देख सकेगा। ड्रोन में कैद होने के बाद पुलिस आसानी से अपराधियों का पीछा कर सकेगी।
इन स्थानों पर लगाए गए कैमरे
परतापुर तिराहे पर तीन सीसीटीवी कैमरे लगाए गए, जो तीनों मार्गों को कवर करेंगे।
दिल्ली रोड पर मोहिउद्ीनपुर बॉर्डर पर दो कैमरे लगाए गए हैं।
हाईवे पर बागपत फ्लाईओवर, रोहटा फ्लाईओवर और कंकरखेड़ा फ्लाईओवर पर दो दो कैमरे लगे।
मोदीपुरम फ्लाईओवर पर दो-दो कैमरे लगाए गए।
कंकरखेड़ा में शिव चौक पर दो और खिर्वा रोड पर एक कैमरा लगाया गया।
टैंक चौराहे पर दो और माल रोड पर भी दो कैमरे लगाए।
कमिश्नरी आवास स्थित साकेत चौराहे पर तीन कैमरे लगाए।
तेजगढ़ी चौराहे पर चार कैमरे लगाए।
जेलचुंगी चौराहे पर दो और डिग्गी तिराहे पर एक कैमरा लगाया गया।
बिजली बंबा बाईपास पर हापुड़ रोड और दिल्ली रोड पर भी एक कैमरे लगाए गए हैं।